यूरोजोन के लिए 150 अरब डॉलर का पैकेज

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Image caption विशेषज्ञ मानते हैं कि यूरोपीय नेताओं की बैठक में अगर कोई हल नहीं निकला तो ये यूरोपीय बाजारों के लिए बहुत खतरनाक होगा

यूरोपीय संघ के नेता मंदी से जूझ रहे यूरोजोन की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए 150 अरब डॉलर के एक पैकेज पर सहमत हो गए हैं. लेकिन स्पेन और इटली चाहते हैं कि उनके ऋण की दर कम करने के लिए फौरन कार्रवाई की जाए.

ये राशि खासतौर पर उन देशों के लिए खर्च की जाएगी जिनकी अर्थव्यवस्था अपेक्षाकृत ज्यादा बुरी हालत में है.

जर्मन चांसलर एंगेला मर्केल पर इस बात का बड़ा दबाव है कि यूरो मुद्रा वाले जिन देशों पर कर्ज है, उसे अन्य देशों के साथ साझा करने की व्यवस्था जर्मनी स्वीकार कर ले.

लेकिन एंगेला मर्केल का कहना है कि ऐसा तभी हो सकता है जब तमाम सरकारों के बजट पर यूरोपीय परिषद का ज्यादा नियंत्रण हो.

राजनीतिक मतभेद

यूरोपीय परिषद के ब्रसेल्स सम्मेलन में यूरो मुद्रा वाले देशों के बीच ज्यादा एकजुटता और समन्वित बैंकिंग व्यवस्था के बारे में भी विचार विमर्श हुआ है.

बीबीसी यूरोप एडिटर गेविन हेविट का कहना है कि फ्रांस्वा ओलांड को पिछले महीने फ्रांस का नया राष्ट्रपति चुने जाने के बाद यूरोजोन संकट का परिदृश्य बदला है और अब फ्रांस तथा जर्मनी के बीच राजनीतिक मतभेद पहले से ज्यादा गहरे हो गए हैं.

सम्मेलन की शुरुआत में जहां फ्रांस के राष्ट्रपति ने यूरोपीय परिषद की मजबूती का नया वादा किया, वहीं जर्मन चांसलर ने बजट संबंधी जिम्मेदारी और प्रतिस्पर्धा बढ़ाने की जरूरत पर जोर दिया.

वहीं ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने कहा कि यूरो मुद्रा वाले देशों को कड़े फैसले करने ही होंगे और हमें इसके लिए उन्हें प्रोत्साहित करना चाहिए.

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