बीयर पीते, इश्क लड़ाते 'भिक्षु' गिरफ्तार

नकली बौद्ध भिक्षु Pic Courtsey: Beijing News इमेज कॉपीरइट BBC World Service
Image caption इंटरनेट पर दो बौद्ध भिक्षुओं की कई तस्वीरें प्रकाशित हुईं (तस्वीर साभारः बीजिंग न्यूज)

चीन में अधिकारियों ने शराब पीनेवाले और महिलाओं के साथ मौज करते दो नकली बौद्ध भिक्षुओं को हिरासत में ले लिया है

पिछले सप्ताह इंटरनेट पर इन दोनों लोगों की कई तस्वीरें प्रकाशित हुई थीं जिसे लेकर ख़ासी प्रतिक्रिया हो रही थी.

इन तस्वीरों में भिक्षुओं की तरह पीले चोगे पहने हुए ये दोनों लोग लोकल ट्रेन में महिलाओं के साथ बैठकर बीयर पी रहे थे.

साथ ही उन्हें एक एटीएम में पैसे जमा करवाते और एक होटल में जाते भी देखा गया जहाँ एक ने एक महिला को बाँहों में लिया हुआ था.

चीन की सरकारी एजेंसी ज़िन्हुआ के अनुसार ये दोनों लोग तब पकड़े गए जब एक मंदिर में वहाँ के भिक्षुओं को उनपर संदेह हुआ और उन्होंने उनको रोक लिया.

चीनी मीडिया के अनुसार एक भिक्षु ने इन लोगों को महिलाओं के साथ टहलते देखा जबकि दूसरे भिक्षु प्रार्थना कर रहे थे.

चीन के एक बड़े अख़बार चाइना डेली ने लिखा है कि तब बीजिंग स्थित फायुआन मंदिर के भिक्षुओं ने पुलिस को बुलाया जिन्होंने उन्हें पूछताछ के बाद हिरासत में ले लिया.

एक वरिष्ठ भिक्षु मिंग शिन ने चीनी अख़बार लीगल इवनिंग न्यूज़ से कहा,"वे हमारे सवालों का जवाब नहीं दे रहे थे और ना ही कोई भी मंत्र बोल पा रहे थे."

दोनों लोग अपने भिक्षु होने के बारे में कोई प्रमाणपत्र नहीं दिखा सके जिसके बाद ये पुष्टि हो गई कि वे नकली भिक्षु थे.

निन्दा

नकली भिक्षुओं की इंटरनेट पर आई तस्वीरों के बाद चीन में इस घटना की काफ़ी निन्दा हो रही है.

चीन के धार्मिक समूहों के एक प्रवक्ता ने कहा है कि इन दोनों लोगों ने बौद्ध धर्म की छवि को नुक़सान पहुँचाया है और देश की धार्मिक नीति को तोड़ा है.

उन्होंने संबद्ध विभागों से इस घटना की जाँच करने और असल बौद्ध लोगों के हितों की रक्षा करने का अनुरोध किया है.

ज़िन्हुआ के अनुसार प्रवक्ता पुज़ेंग ने साथ ही चीन के हर समुदाय के लोगों से ऐसे नकली मामलों को उजागर करने का आह्वान किया है.

चीनी बौद्ध अकादमी के एक छात्र फो हुई ने बीजिंग से प्रकाशित होनेवाले अख़बार बीजिंग न्यूज़ से कहा कि इस घटना से बौद्ध भिक्षुओं की छवि ख़राब हुई है.

उन्होंने कहा,"इंटरनेट पर लोग उनकी तस्वीरों को बाँट रहे हैं, ऐसे में हम बाहर नहीं जाना चाहते क्योंकि हमें डर है कि इस घटना के बाद लोगों को हमारे बारे में गलतफहमी हो सकती है."

वैसे कुछ लोगों को संदेह है कि नकली भिक्षुओं की ये घटना प्रचार हासिल करने का एक उपाय हो सकती है.

इन दोनों लोगों ने एक ब्लॉग भी शुरू किया था और उसका नाम रखा था – बीजिंग मॉन्क ब्रदर्स.

उन्होंने इस ब्लॉग पर तीन संदेश लिखे थे जिसपर सैकड़ों लोगों ने टिप्पणियाँ की थीं.

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