धोनी और मेरी कहानी एक जैसी: सुशांत राजपूत

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Image caption सुशांत सिंह राजपूत का कहना है कि उनकी और धोनी की ज़िंदगी में बहुत समानता है.

सुशांत सिंह राजपूत ने अपने करियर में काफी उतार-चढ़ाव देखे हैं लेकिन कभी अपने इरादों में डगमगाए नहीं हैं.

इरादे का पक्का होने के कारण ही शायद वो जोखिम उठाने की अपनी आदत पर मुस्कुरा पाते हैं.

भारतीय वन डे टीम के मौजूदा कैप्टन महेंद्र सिंह धोनी के करियर का सफर भी ऐसा ही रहा है.

एक मामूली टिकट कलेक्टर से क्रिकेट के शिखर पर पहुंचने की उनकी यात्रा को नीरज पांडे अपनी फ़िल्म 'एम एस धोनी- द अनटोल्ड स्टोरी' में पेश कर रहे हैं.

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Image caption फ़िल्म 'एम एस धोनी-अ अनटोल्ड स्टोरी' के एक सीन के दौरान सुशांत सिंह राजपूत

इसमें सुशांत सिंह राजपूत धोनी के किरदार में नजर आएंगे. सुशांत इस फ़िल्म को अपने करियर की बेहद अहम फ़िल्म मानते हैं.

इस फ़िल्म के सिलसिले में बीबीसी से रूबरू हुए सुशांत सिंह के मुताबिक़, "उनकी और धोनी की ज़िंदगी में मौजूद समानता ने उन्हें धोनी के किरदार को निभाने में काफी मदद की है. मैं उनकी ज़िंदगी के सफर को अपने सफर के रूप में सोचता रहता था और इस तरह उनका किरदार निभाना मेरे लिए आसान हो गया."

अपने और धोनी की व्यक्तिगत समानता को लेकर सुशांत का कहना है, "भले ही हमारा रुझान अलग-अलग है, लेकिन पैटर्न एक ही है. हमने अलग-अलग फ्रंट पर जोखिम उठाया और सफलता का स्वाद चखा."

वो कहते हैं एमएस धोनी के व्यक्तित्व से लोग इतने परिचित हैं कि परदे पर उन्हें पेश करने में हुई थोड़ी-सी चूक भी बड़ी साबित हो सकती है.

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Image caption सुशांत का कहना है कि धोनी से उन्होंने अच्छा इंसान बनना सीखा है.

सुशांत के मुताबिक़, "शूटिंग के दौरान मैं ख़ुद को धोनी समझता रहा. धोनी से मैंने अच्छा इंसान बनना सीखा है. पहले कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था कि बिहार-झारखंड जैसे राज्य से एक साधारण सा लड़का इतना बड़ा क्रिकेटर बन सकता है. धोनी ने मेहनत और लगन से इसे मुमकिन बनाया है. उनकी ज़िंदगी बड़ी प्रेरणादायक है. कठिन परिस्थितियों में भी शांत रहना मैंने धोनी से ही सीखा है."

उनका कहना है कि शूटिंग के दौरान मैंने धोनी के साथ बहुत समय बिताया. तब उनसे मैंने यही सीखा कि किसी इंसान का छोटे गांव या शहर से होने से कोई फर्क नहीं पड़ता. अगर आप ईमानदारी से मेहनत करते रहें तो कुछ भी संभव है. वैसे मैं भी बिहार के पटना का हूं. और मैंने जो मुकाम हासिल किया है उससे साबित होता है कि व्यक्ति के शहर से बड़ा उसका काम होना चाहिए. "

ब्योमकेश बख्शी के फ्लॉप होने पर सुशांत कहते हैं, "मुझे फ्लॉप से कोई फर्क नहीं पड़ता. मैं इस बारे में नहीं सोचता. धोनी के बाद मेरे पास छह फ़िल्में और हैं. इसके अलावा 12 फिल्मों के लिए मैं मना भी कर चुका हूं. फिलहाल जो काम है उस पर ध्यान दे रहा हूं."

फ़िल्म 'एम एस धोनी- द अनटोल्ड स्टोरी' 30 सितंबर को रिलीज़ हो रही है.

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