बिग बी का अनोखा अंदाज़

हिलेरी-आमिर
Image caption दोनों ने शिक्षा के स्वरुप पर चर्चा की

हाल ही में अमरीका की विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन मुंबई में थीं. अपनी इस यात्रा के दौरान उनकी मुलाक़ात हुई बॉलीवुड के मिस्टर परफेक्शनिस्ट आमिर ख़ान से.

जी हां, जहां एक तरफ़ हिलेरी क्लिंटन शिक्षा को लेकर काफ़ी काम करती रही हैं वहीं आमिर भी डिस्लेक्सिया जैसी बीमारी पर फिल्म बना चुके हैं और बच्चों की शिक्षा को लेकर काफी महत्वपूर्ण संदेश उन्होंने अपनी फ़िल्म तारे ज़मीन पर से लोगों को दिया है.

आमिर और क्लिंटन मुंबई के कॉलेज में एक परिचर्चा कार्यक्रम के दौरान मिले. दोनों ने एक दूसरे से काफी देर तक बच्चों की शिक्षा पर बातचीत की.

कहा जा रहा है कि आमिर ख़ान हिलेरी के प्रशंसक हैं और हिलेरी भी आमिर से मिलकर काफी खुश दिख रहीं थीं. आमिर फिल्मी दुनिया के उन चंद कलाकारों में हैं जो साल की सबसे बड़ी हिट फ़िल्म देने के साथ-साथ, अपनी सामाजिक ज़िम्मेदारी भी बखूबी निभाते हैं.

हिप-हॉप का नया गाना

Image caption हार्डकौर हिप हॉप के लिए गाएंगी

यूके रिटर्न भारतीय रैप सिंगर हार्डकौर मशहूर अमरीकी हिप-हॉप ग्रुप पूसीकैट डॉल्स के लिए अब एक गाना रिकॉर्ड करेंगी.

हार्डकौर इस ख़बर से काफ़ी उत्साहित हैं.बीबीसी से बातचीत में उन्होंने बताया कि हिप हॉप म्यूज़िक उनका पसंदीदा म्यूज़िक रहा है और वो बचपन से ही इसी तरह का म्यूज़िक पसंद करती हैं.

पूसीकैट डॉल्स के एजेंटों ने हार्डकौर के गानों को काफ़ी पसंद किया और उसके बाद अपने नए एल्बम के लिए उनसे एक रैप सॉंग रिकॉर्ड करने के लिए संपर्क किया है.

पूसी कैट डॉल्स अमरीका का मशहूर बैंड है. इतना ही नहीं पूसीकैट डॉल्स भारत आकर हार्डकौर के साथ परफॉर्म करना चाहती हैं. चलिए हार्डकौर को बधाई देनी चाहिए जिनकी वज़ह से अमेरिका का ये मशहूर बैंड भारत आने के लिए तैयार हुआ है.

आसिन का शौक

Image caption आसिन फ़िल्म गज़नी से सुर्ख़ियों में आईं

आसिन के शौक का भी जवाब नहीं. मैडम को शब्दों से खेलने का शौक है.

हमें पता चला है कि उन्हें स्क्रैबल काफी पसंद है. सूत्रों की मानें तो गज़नी की इस खूबसूरत हिरोइन को जब भी मौका मिलता है और वो घर पर होती हैं तो आप उन्हें स्क्रैबल खेलते हुए बड़े आराम से देख सकते हैं.

कहा जा रहा है कि इस खेल को खेलने की वज़ह से आसिन की शब्द क्षमता काफ़ी बढ़ गई है. यहां आपको बता दें कि आसिन को सात भाषाएँ आती हैं और संस्कृत भी बखूबी बोल सकती हैं. है न कमाल की बात...

बिग बी का अनोखा अंदाज़

Image caption अमिताभ फिर पुराने रंग में दिखेंगे

बच्‍चन साब का हर अंदाज़ अनोखा होता है. आपको बिग बी की फ़िल्‍म ‘नमक हलाल’ का ‘पग घुंघरू बांध’ वाला गीत तो याद ही होगा.

आपको बता दें कि एक बार फिर अमिताभ ने अपने पैरों में घुंघरू बांध लिए हैं. और उन्होंने ये कमाल किया है अपनी चर्चित फ़िल्‍म ‘अलादीन’ के एक गाने में.

इस फ़िल्म के एक गाने जिसके बोल हैं..‘ओ रे साँवरिया’ में वो सफेद कुर्ता और गुलाबी पगड़ी में ‘पग घुंघरू’ की तर्ज पर नाचते दिखेंगे.

फिल्‍म ‘अलादीन’ में अभिनेत्री जैकलीन जासमीन, अभिनेता ऋतेश देशमुख अलादीन और अमिताभ बच्‍चन जीन की भूमिका में नज़र आने वाले हैं.

कहा जा रहा है कि फ़िल्म की यूनिट उनके साथ परफॉर्म करके काफ़ी खुश है.फिल्‍म का गाना अमिताभ बच्‍चन, ऋतेश देशमुख और अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडिस पर फिल्‍माया गया है जिसे बोस्‍को सीजर और सरोज खान ने कोरियोग्राफ किया है..चलिए उम्मीद करनी चाहिए कि ये गाना दर्शकों को भी पसंद आ जाए.

शाहिद की खुशी

Image caption शाहिर कपूर की आने वाली फ़िल्म का नाम है कमीने.

शाहिद कपूर इन दिनों काफी खुश हैं.एक तरफ़ तो उनकी बहुचर्चित फ़िल्म 'कमीने रीलिज़' के लिए तैयार है, वहीं हाल ही में उन्हें बेहतरीन अभिनय के लिए ‘राजीव गांधी पुरस्‍कार’ से भी सम्‍मानित किया जाएगा.

यह सम्‍मान सामाजिक और कला के क्षेत्र में बेहतर काम के लिए चुने गए व्‍यक्ति को दिया जाता है. शाहिद को राजीव गांधी पुरस्कार अगस्‍त के दूसरे सप्‍ताह में उनकी आने वाली काफी चर्चित फिल्‍म ‘कमीने’ के प्रदर्शन के आसपास मिलने वाला है.

इस पुरस्कार के लिए चुने जाने पर शाहिद काफ़ी खुश हैं. उनसे पहले ये पुरस्कार अमिताभ बच्चन,सचिन तेंदुलकर और मुकेश अंबानी जैसी हस्तियों को ही मिला है. भई खुशी तो हमें भी है, इतनी कम उम्र में इतना बड़ा पुरस्कार हासिल कर उन्होंने अपनी काबिलियत तो सिद्ध तो कर ही दी है.

'जीजा जी'

जसपाल भट्टी अपने व्यंग्य से मनोरंजन करने के लिए नए हास्य धारावाहिक जीजा जी से छोटे पर्दे पर वापसी कर रहे हैं.

भट्टी साब ने बीबीसी को बताया कि ये शो एक जीजा जी और उसके आईएएस साले से जुड़ा है. उनका मानना है कि वे अपने इस शो के ज़रिए सिस्टम के भ्रष्टाचार को सबके सामने ला पाएंगे.

शो का नाम थेंक्यू जीजा जी रखा गया है. जसपाल ने हमें ये भी बताया कि इस शो के लिए उन्होंने काफी रिसर्च की हुई है. बात ही बात में उन्होंने जीजा जी के प्रभाव को बखूबी बयान कर डाला और कहा कि उन्होंने अलग-अलग स्थानों पर जाकर लोगों से बात करके जीजा जी जैसे अहम रिश्तें के बारे में जानकारी प्राप्त की है.

भई भट्टी साब,जिस तरह से सरल अंदाज़ में आप अपने कटाक्षों से सामाजिक कुरीतियों पर प्रहार करते हैं उस सिलसिले को आगे बढाने के लिए शुक्रिया.

(इस कॉलम पर अपनी प्रतिक्रिया से दुर्गेश उपाध्याय को सीधे durgesh.upadhyay@bbc.co.uk पर ईमेल भेज कर अवगत कराएँ )

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