राइमा-रिया रितुपर्णो घोष की फ़िल्म में

राइमा सेन
Image caption राइमा सेन बांग्ला और हिंदी दोनों फ़िल्में कर रही हैं

1999 में गॉडमदर से हिंदी फ़िल्मों में कदम रखा राइमा सेन ने.पिछले दस वर्षों में वो दमन, हनीमून ट्रैवल्स प्राइवेट लिमिटेड, मनोरमा सिक्स फीट अंडर और परिणीता जैसे कई फ़िल्मों में नज़र आई हैं.

राइमा की नानी सुचित्रा सेन और मां मुनमुन सेन दोनों ही अपने समय की जानी-मानी हीरोइन रही हैं. उनकी छोटी बहन रिया सेन भी हिंदी फ़िल्मों का एक जाना-पहचाना चेहरा हैं.

फ़िल्मों में काम करने के निर्णय के बारे में राइमा का कहना है,'' मैं हमेशा ही फ़िल्मों में आना चाहती थी क्योंकि मैं कुछ हद तक अपनी नानी और मां से प्रभावित थी. फिर कॉलेज ख़त्म करने के बाद मैंने ख़ुद भी फ़िल्मों में काम करने का फ़ैसला किया.''

राइमा मानती हैं कि फ़िल्मी परिवार से होने का बस इतना ही फ़ायदा है कि वो आपको इंडस्ट्री के बारे में बता देते हैं लेकिन उसके बाद सब कुछ आप पर निर्भर करता है.

अपनी मां मुनमुन सेन के बारे में राइमा का कहना हैं कि उनकी मां उनकी सबसे बड़ी आलोचक हैं.

राइमा कहती हैं,'' फ़िल्मों के बारे में वो मुझे सलाह तो देती हैं लेकिन फ़ैसला मुझ पर छोड़ देती हैं.''

माँ का मार्गदर्शन

हिंदी फ़िल्मों के साथ ही राइमा ने कई बांग्ला फ़िल्मों में भी काम किया है जिनमें रितपुर्णों घोष की चोकेर बाली और अंतर महल शामिल है.

Image caption राइमा और रिया सेन पहली बार रितुपर्णो घोष की बंगला फ़िल्म नौको डुबी में दिखाई देंगी

राइमा कहती हैं कि वो दोनों ही भाषाओं में काम करना चाहती हैं.

उनका कहना है, '' हिंदी में काम करने से पूरे देश में पहचान मिलती है जबकि बांग्ला फ़िल्मों में जिस तरह के रोल्स और जिन निर्देशकों के साथ मैंने काम किया है उनसे मुझे आत्मसंतुष्टि मिलती है. मैं साल में एक या दो बांग्ला फ़िल्में करती रहूंगी मगर क्योंकि मैं मुम्बई में रहती हूं इसलिए ज़्यादा हिंदी फ़िल्में करुंगी.''

राइमा और रिया दोनों बहनें, पहली बार रितुपर्णो घोष की बंगला फ़िल्म नौको डुबी में दिखाई देंगीं.

राइमा कहती हैं, '' हम दोनों फ़िल्म में तो हैं लेकिन किसी भी सीन में एक साथ नज़र नहीं आएंगे. लेकिन मुझे उम्मीद है कि भविष्य में हम ऐसी फ़िल्म करेंगे जहां सीन्स में भी इक्ट्ठा दिखेंगी.''

जहां रिया की छवि एक ग्लैमरस हीरोइन के रुप में है, वहीं राइमा की पहचान एक गंभीर अभिनेत्री की है.

राइमा कहती हैं, '' मैं भाग्यशाली हूं कि मुझे अपने करियर के शुरुआत में ही बहुत अच्छे निर्देशकों के साथ काम करने का मौका मिला. मुझे यकीन है कि अगर रिया को सही रोल और निर्देशक मिल जाए, तो वो भी खु़द को साबित कर सकती है जैसे उन्होंने रितुपर्णो घोष की नौको डुबी में किया है.''

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