बदमाशी का चस्का

बदमाश कंपनी
Image caption ‘बदमाश कंपनी’ कहानी है चार ऐसे दोस्तों की जो तिकड़म और बदमाशी करके पैसा कमाते हैं.

यशराज फ़िल्म्स की नई पेशकश ‘बदमाश कंपनी’ कहानी है ऐसे चार ऐसे दोस्तों की जो तिकड़म और बदमाशी करके पैसा कमाते हैं.

अर्चना पूरन सिंह के पति और एक्टर परमीत सेठी इस फ़िल्म के साथ निर्देशन में कदम रख रहे हैं.

फ़िल्म के टाइटल के बारे में परमीत कहते हैं, “नाम ढूंढने के लिए हम बहुत परेशान हो गए थे, कोई नाम नहीं मिल रहा था. पहले मेरा सुझाव था कि फ़िल्म का नाम 'फ़्रेंड्स एंड कंपनी' रखते हैं, लेकिन वो थोड़ा सा ज़्यादा अंग्रेज़ी था. फिर एक सुझाव आया कि नाम 'बदमाश' रखते हैं और कुछ दिन बाद हमने सोचा कि क्यों न 'बदमाश कंपनी' कर दें और तुरंत इस नाम पर मोहर लग गई.”

'बदमाश कंपनी' के सदस्य हैं शाहिद कपूर, अनुष्का शर्मा, वीर दास और मियांग चैंग.

शाहिद कपूर के किरदार का नाम करण है जो इस कंपनी का सरदार है. शाहिद कहते हैं, “मेरा किरदार करण बहुत सोचता है, बहुत बड़े सपने देखता है. वैसे ज़ाहिर तौर पर बहुत शांत है और मुझे ये बात सबसे अच्छी लगी.”

शाहरुख़ ख़ान के साथ अपने फ़िल्मी करियर की शुरुआत करने वाली अनुष्का शर्मा की ये दूसरी फ़िल्म है.

अपने किरदार बुलबुल के बारे में अनुष्का कहती हैं, “एक आत्मनिर्भर लड़की है जो मुंबई में अकेले रहती है और मॉडलिंग करना चाहती है. वो बहुत हिम्मतवाली है, माफ़ी मांगने में यक़ीन नहीं रखती क्योंकि जो करती है बहुत सोच-समझ कर करती है."

अनुष्का कहती हैं कि निजी ज़िंदगी में वो काफ़ी कुछ अपने किरदार बुलबुल की तरह हैं.

वहीं इस फ़िल्म से बॉलीवुड में कदम रख रहे मियांग चैंग कहते हैं कि उनके लिए उनका किरदार चुनौतीपूर्ण था. चैंग चीनी मूल के हैं और वो सिंगिंग रियल्टी शो इंडियन आइडल से लोकप्रिय हुए.

चैंग कहते हैं, “निजी ज़िंदगी में मैं अपने किरदार से बहुत अलग हूं इसलिए मेरे लिए ये रोल एक चुनौती थी. मेरे किरदार का नाम ज़िंग है जो सिक्किम का लड़का है लेकिन काफ़ी सालों से मुम्बई में है. हिंदी बहुत अच्छी बोलता है और अपने-आपको पूरी तरह भारतीय मानता है. लेकिन उसका सबसे बड़ा दोष ये है कि वो एक शराबी है. और किस तरह से एक बुरी आदत और बुरी आदतों की तरफ़ ले जाती है.”

इस बदमाश कंपनी का गुरुमंत्र है कि 'बड़े से बड़ा बिज़नेस पैसे से नहीं बड़े आइडिया से बड़ा बनता है'.

फ़िल्म के चौथे 'बदमाश', स्टैंडअप कॉमेडियन और ऐक्टर वीर दास इस बात को पूरी तरह मानते हैं.

वो कहते हैं, “पांच साल पहले जब मैंने स्टैंड अप कॉमेडी के बारे में सोचा तो कोई इस बारे में जानता नहीं था और अब देश में कॉमेडी बूम हो रहा है. फ़िल्म में भी कहीं ये संदेश है कि इस समय भारत बहुत रोमांचक दौर से गुज़र रहा है. भारत ऐसी जगह है कि जहां आपके सपने पूरे हो सकते हैं, जो आप चाहें वो हो सकता है.”

फ़िल्म सात मई को रिलीज़ हो रही है.

संबंधित समाचार