'लोग ढूढेंगे, लेकिन मैं मिलूंगा नहीं'

किशोर कुमार
Image caption 4 अगस्त को स्वर्गीय किशोर कुमार का 81वां जन्मदिन है

'जीनियस', 'लेजेंड', 'हरफ़नमौला','जादूगर' और ना जाने ऐसे ही कितने नामों से पुकारे जाने वाले किशोर कुमार अगर आज ज़िंदा होते तो पूरे 81 बरस के हो जाते. आज भी उनके गाने सुनकर लोग मंत्रमुग्ध हो जाते हैं.

उनके गायक बेटे अमित कुमार ने बीबीसी को बताया "वो ऊर्जा से भरपूर थे. उनके बारे में बताने के लिए मेरे पास शब्द नहीं है. अपने निधन से कुछ दिन पहले उन्होंने कहा था कि मैं एक दिन मरूंगा, उसके बाद लोग मुझे ढूंढते रह जाएंगे, लेकिन मैं किसी को नहीं मिलूंगा."

किशोर कुमार की पत्नी लीना चंदावरकर के मुताबिक वो गाना गाकर घर लौटते तो खूब मस्ती करते. घर के वॉचमैन को भी डरा देते थे.

लीना कहती हैं "वो छोटी-छोटी बातों का भी पूरा मज़ा लेते थे. जब बारिश होती तो बिलकुल बच्चों की तरह उत्साहित होकर कहते कि चलो बारिश में भीगते हैं."

किशोर दा के साथ 'एक चतुर नार', 'ये दोस्ती हम नहीं तोड़ेंगे' जैसे कई यादगार गाने गा चुके मन्ना डे ने बताया कि जब-जब उन्हें किशोर के साथ गाना होता था, तो वो पूरी तैयारी के साथ स्टूडियो जाते थे.

मन्ना डे कहते हैं "किशोर जैसी आवाज़ तो किसी के पास है ही नहीं. आज भी जहां जाओ, लोग बस किशोर-किशोर कहते रहते हैं. उनके जैसा कलाकार तो आज तक पैदा नहीं हुआ."

जाने-माने फ़िल्म निर्माता-निर्देशक यश चोपड़ा भी किशोर कुमार के बहुत बड़े प्रशंसक हैं. यश ने बीबीसी को बताया "किशोर गाते वक़्त बहुत मस्ती करते रहते थे. वो गाते-गाते नाचने लगते. लता दीदी भी उनके साथ गातीं, तो उन्हें भी ख़ूब हंसाते."

रेडियो की जानी-मानी हस्ती अमीन सयानी ने भी किशोर की यादों को बीबीसी के साथ बांटा.

ऐसे ही एक मज़ेदार वाकये के बारे में अमीन ने बताया कि "एक बार मुझे किशोर दा का इंटरव्यू लेना था. उन्होंने मुझसे कहा कि मैं तभी इंटरव्यू दूंगा, जब तुम स्टूडियो के बाहर बैठोगे. सिर्फ़ मैं बोलूंगा, क्योंकि तुम बहुत बोर करते हो."

किशोर कुमार का गाया हुआ गाना 'मेरे ये गीत याद रखना, कभी अलविदा ना कहना' उन पर बिलकुल सटीक बैठता है. ऐसे महान कलाकार को और उनके गानों को भला कौन भुला पाएगा.

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