मां का लाडला बिगड़ गया

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Image caption करण जौहर कहते हैं कि वो शादी करके अपनी आज़ादी नहीं गंवाना चाहते.

अपनी फ़िल्म ‘कभी ख़ुशी कभी ग़म’ में मां-बाप की हर बात मानने की नसीहत देने वाले निर्माता-निर्देशक करण जौहर असली ज़िंदगी में अपनी मां की हर बात नहीं मानते.

किसी और मां की ही तरह करण की मां, हीरू जौहर, भी चाहती हैं कि उनका बेटा शादी कर ले. लेकिन करण कहते हैं, “मैं अपनी मां की कुछ बातें सुनता हूं, हर बात नहीं. मेरी मां कुछ भी कहें लेकिन मैं शादी नहीं करना चाहता क्योंकि मैं अपनी आज़ादी नहीं गंवाना चाहता.”

हाल ही में करण की न्यूयॉर्क में रहने वाली वंदना मलवानी नाम की एक लड़की से शादी की ख़बरें मीडिया में आईं. लेकिन करण ने इस ख़बर को ग़लत बताया है.

करण कहते हैं, “मैं ऑन रिकॉर्ड कह रहा हूं कि मेरी शादी की बात अप्रैल फ़ूल जोक है. वंदना मलवानी नाम की कोई लड़की है ही नहीं. ये किसी ने मज़ाक किया है.”

पिछले दिनों मुम्बई में 12वें आईफ़ा के लिए नामांकनों की घोषणा हुई. इस मौके पर पत्रकारों ने करण जौहर से उनकी शादी की ख़बरों के बारे में भी पूछा.

करण का कहना था, “मुझे ये जानकर अच्छा लग रहा है कि मेरी शादी को लेकर मीडिया इतना उत्साहित है और उसके बारे में इतनी चर्चा हो रही है लेकिन मैं शादी नहीं कर रहा हूं.”

आईफ़ा नामांकन

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Image caption हृतिक रोशन को फ़िल्म गुज़ारिश के लिए 12वे आईफ़ा में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता वर्ग में नामांकित किया गया है.

टोरंटो में 23 से 25 जून तक होने वाले 12वें आईफ़ा समारोह में करण जौहर की फ़िल्म माइ नेम इज़ ख़ान को कई वर्गों में नामांकित किया गया है.

इस बारे में करण का कहना था, “व्यक्तिगत तौर पर मैं बहुत उत्साहित हूं क्योंकि ‘माई नेम इज़ ख़ान’ सर्वश्रेष्ठ फ़िल्म, निर्देशक और अभिनेता वर्गों में नामांकित हुई है. मेरे लिए ये अवॉर्ड सीज़न बहुत बढ़िया रहा है, मुझे और शाहरुख़ को फ़िल्म के लिए बहुत अवॉर्ड्स मिल चुके हैं इसलिए मेरी उम्मीदें बहुत ज़्यादा हैं और चाहूंगा कि यहां भी हम जीतें.”

संजय लीला भंसाली की फ़िल्म ‘गुज़ारिश’ के लिए हृतिक रोशन को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता वर्ग में नामांकन मिला है.

हृतिक कहते हैं, “कभी-कभी किसी फ़िल्म में काम करना ही अपने आप में अवॉर्ड होता है. मैं ख़ुश हूं कि मैंने गुज़ारिश जैसी फ़िल्म में काम किया है. हां मैं मानता हूं कि आईफ़ा में अवॉर्ड जीतना भी बहुत बड़ी बात होगी.”

वहीं 2010 की सबसे सफल फ़िल्म, ‘दबंग’, के निर्माता अरबाज़ ख़ान मानते हैं कि दर्शकों का फ़िल्म को पसंद करना ही उनके लिए अवॉर्ड है.

‘दबंग’ को सर्वश्रेष्ठ फ़िल्म और सलमान ख़ान को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के लिए नामांकित किया गया है.

अरबाज़ का कहना था, “मुझे ख़ुशी है कि आईफ़ा में भी दबंग को नामांकित किया गया है. हम फ़िल्म दर्शकों के मनोरंजन के लिए बनाते हैं. अवॉर्ड वग़रैह बाद की बात हैं. वो मिले तो अच्छा है लेकिन हमारे लिए फ़िल्म का चलना ज़्यादा ज़रूरी है.”

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