फिल्म जगत ने कहा - चला गया शायर बदनाम !

 बुधवार, 18 जुलाई, 2012 को 18:36 IST तक के समाचार
राजेश खन्ना

हिंदी फिल्मों के पहले सुपरस्टार राजेश खन्ना के निधन पर भारतीय फिल्म जगत और देश के अन्य-अन्य हिस्सों से प्रतिक्रियाएं आ रहीं है.

सोशल नेटवर्किंग वेबसाइट ट्विटर पर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने लिखा, “मैं राजेश खन्ना के शोकाकुल परिवार के सदस्यजनों और अनगिनत प्रशंसकों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त करता हूं.”

अभिनेता अनुपम खेर ने ट्विटर पर लिखा, “राजेश खन्ना ने हमें प्रेम करना सिखाया. उन्होंने ही हमें इस अभिव्यक्ति से रूबरू कराया, जिससे हम खुश रहना सीखे.”

फिल्म निर्देशक करन जौहर ने लिखा, “वो जादू, वो तौर-तरीके.. भारतीय सिनेमा पर राजेश खन्ना की छाप बरकरार है...हमेशा रहेगी.”

वहीं निर्देशक महेश भट्ट ने लिखा, “जब हम अपने किसी करीबी को खो देते हैं, हमारे भीतर का कुछ मर जाता है. हमारी पीढ़ी राजेश खन्ना से प्यार करती है. इस सितारे के साथ हम सबके भीतर के कुछ अंशों की मौत हुई है.”

ट्विटर पर ही शबाना आजमी ने लिखा, “उनके जैसा सुपरस्टार कोई और नहीं है. मैने उनके साथ दस फिल्में की है. अप्सरा अवार्ड समारोह में उनसे भेंट हुई. उनके मुस्कराहट की चमक तब भी पहले जैसी थी.”

गमगीन हुए सितारे

"राजेश खन्ना की लोकप्रियता का आलम तो पूछिए ही मत. उनसे पहले भी देव आनंद, दिलीप कुमार और अशोक कुमार जैसे बड़े सितारे थे. लेकिन उनके जैसी लोकप्रियता शायद ही किसी को मिली हो."

मनोज कुमार, अभिनेता

अभिनेता शाहरुख खान ने लिखा, “मैं और मेरी मां एक के बाद एक खन्ना साहब की फिल्में देखते थे. जब भी जिंदगी कठिन लगती थी आप हमें महसूस कराते थे कि प्यार कैसे चीजों को बदलने की ताकत रखती है.”

कुछ अन्य सितारे मनोज कुमार, रजा मुराद और राकेश रोशन ने बीबीसी से बात करके अपनी भावनाएं कुछ यूं ज़ाहिर कीं.

मनोज कुमार ने कहा, "मैं अब भी ये बात मानने को तैयार नहीं हूं. बड़ी पीड़ा हो रही है ये बात जानकर. आखिरी दिनों में उन्हें बड़ी पीड़ा हुई. राजेश खन्ना की लोकप्रियता का आलम तो पूछिए ही मत. उनसे पहले भी देव आनंद, दिलीप कुमार और अशोक कुमार जैसे बड़े सितारे थे. लेकिन उनके जैसी लोकप्रियता शायद ही किसी को मिली हो."

रजा मुराद ने कहा, "दिल को इतना धक्का पहुंचा कि बता नहीं सकता. फिल्म नमक हराम में मैंने उनके साथ काम किया था. उसमें उन्होंने मेरे लिए गाना गाया था, "मैं शायर बदनाम." मैं कहूंगा कि मेरा प्यारा वो बदनाम शायर हमें छोड़कर चला गया."

राकेश रौशन ने कहा, "भारतीय फिल्मों के वो पहले सुपरस्टार थे. सुपरस्टार शब्द उन्होंने ही गढ़ा. क्या बच्चे, क्या जवान, क्या बूढ़ा. सभी के बीच में उनका इतना क्रेज था कि बता नहीं सकता."

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