सिख ड्राइवर की भूमिका में बेन किंग्सले

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वर्ष 1982 में आई फ़िल्म 'गांधी' में महात्मा गांधी की भूमिका निभाने वाले ब्रितानी अभिनेता सर बेन किंग्स्ले की नई फ़िल्म आ रही है.

इस फ़िल्म में वे न्यूयॉर्क में भारतीय मूल के एक सिख टैक्सी चालक की भूमिका में नज़र आएंगे.

'लर्निंग टू ड्राइव' नाम की इस फ़िल्म में भारतीय मूल के एक सिख टैक्सी चालक और न्यूयॉर्क की एक लेखिका के बीच की उधेड़बुन को दिखाया गया है.

इस फ़िल्म में ऑस्कर विजेता बेन किंग्स्ले और ऑस्कर नामांकित अमरीकी अभिनेत्री पैट्रीशिया क्लार्कसन मुख्य भूमिका में हैं.

अनुभव से मदद

न्यूयॉर्क में फ़िल्म के प्रोमोशन के दौरान बेन किंग्स्ले ने बताया कि उन्हें 1981 में गांधी फ़िल्म की शूटिंग के दौरान होने वाले अनुभवों से मदद मिली.

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वो कहते हैं, "मुझे विभिन्न प्रकार के लोग अद्भुत लगते हैं. मुझे लोगों का गौर से अध्ययन करना बहुत पसंद है. मैं जीवन के सारे अनुभव अपने मस्तिष्क में स्टोर कर लेता हूं. जब कभी भी ज़रूरत पड़ती है तो उसी अनुभव का प्रयोग करता हूं. यह मुझे ईश्वर देन है.''

उन्होंने बताया कि 1980-81 में भारत में गांधी फिल्म की शूटिंग के दौरान उनका एक बॉडीगार्ड और ड्राइवर सिख था, जिसका नाम सरदार गूमन सिंह था.

किंग्स्ले बताते हैं कि अपने सिख अंगरक्षक के साथ काफी समय बिताने के कारण उन्होंने उनकी बातचीत का तरीका, अंदाज़ पर ध्यान दिया था. वह अनुभव भी इस फ़िल्म में काम आया.

वो बताते हैं कि उन्हें 'गांधी' फ़िल्म में महात्मा गांधी के रोल के लिए याद किया जाता है. यह उनकी पहचान सी बन गई है. इससे वो बहुत गौरवान्वित महसूस करते हैं.

सिख टैक्सी चालक

नई फ़िल्म में बेन किंग्स्ले ने दरवान सिंह तूर नाम के टैक्सी चालक का रोल किया है. पैट्रीशिया क्लार्कसन न्यूयॉर्क की एक लेखिका वेंडी का किरदार निभा रही हैं.

फ़िल्म की कहानी इन्हीं दोंनों के इर्द-गिर्द घूमती है.

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फ़िल्म में बेन किंग्स्ले की मंगेतर की भूमिका में भारतीय मूल की अभिनेत्री सरिता चौधरी है.

फ़िल्म के बारे में पैट्रीशिया क्लार्कसन कहती हैं, "मुझे इस फिल्म की कहानी बहुत पसंद आई. इसमें कई जगह हास्य भी है लेकिन यह आम लोगों के जीवन की मुश्किलों को दर्शाती है. फ़िल्म के किरदार, उनकी भावनाओं के उतार-चढ़ाव, सिख समुदाय की संस्कृति सब मुझे बहुत पसंद आई."

लेकिन इस फिल्म को बनाने में 11 साल लगे.

फ़ाइनेंसर की कमी

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Image caption 'लर्निंग टू ड्राइव' 21 अगस्त को न्यू यॉर्क और लॉस एंजिल्स में रीलीज़ हो रही है.

फ़िल्म की निर्देशक इज़ाबेल कोएक्सेट बताती हैं कि उन्होंने यह फ़िल्म 11 साल पहले बनाने की सोची थी. लेकिन फ़ाइनेंसर नहीं मिल रहे थे इसलिए इसे बनाने में इतना समय लगा.

वो कहती हैं, "कई प्रोड्यूसर और निवेशकों से फिल्म को लेकर बात हुई. लेकिन मुश्किल यह थी कि फ़िल्म के कलाकार नौजवान नहीं थे. और जब फ़ार्मूला फ़िल्म न हो तो उसके लिए निवेशक मिलना भी बहुत मुश्किल होता है."

इज़ाबेल कोएक्सेट की यह 12वीं फ़िल्म है. वो कहती हैं कि सर बेन किंग्स्ले इस फ़िल्म का मुख्य आकर्षण हैं.

'लर्निंग टू ड्राइव' 21 अगस्त को न्यूयॉर्क और लॉस एंजेलेस में रिलीज़ हो रही है. अगले हफ़्ते इसे अमरीका और कनाडा में रिलीज़ किया जाएगा.

इस फ़िल्म को भारत में डब करके दिखाने की तैयारी चल रही है.

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