नोटबंदी: बताया तो 50, पकड़े गए तो 85 गए

इमेज कॉपीरइट AP

भारत सरकार के 500 और 1000 के नोट बंद करने की घोषणा के क़रीब तीन सप्ताह बाद वित्त मंत्री अरुण जेटली ने लोकसभा में आयकर क़ानून में संशोधन का प्रस्ताव रखा है.

इस प्रस्ताव में काला धन या ऐसा धन जिस पर टैक्स नहीं दिया गया है, उजागर करने पर टैक्स के साथ-साथ जुर्माना और सेस लगाने का प्रावधान है.

प्रधानमंत्री ग़रीब कल्याण योजना के तहत एक विशेष फंड का गठन किया जाएगा, जिसके तहत इकट्ठा राशि कई कल्याणकारी योजनाओं में लगाई जाएगी.

इमेज कॉपीरइट EPA

प्रस्ताव की मुख्य बातें

  1. साल के अंत तक पुराने नोट बैंकों में जमा हो जाने चाहिए. 2.50 लाख रुपए से ज़्यादा जमा की गई राशि का अध्ययन आयकर अधिकारी करेंगे.
  2. जो लोग ये मान लेंगे कि उन्होंने काला धन (या ऐसा पैसा, जिस पर उन्होंने टैक्स नहीं दिया है) खाते में जमा कराया है, उस पर उन्हें टैक्स के साथ-साथ 60 प्रतिशत जुर्माना भी देना होगा.
  3. प्रधानमंत्री ग़रीब कल्याण योजना 2016 के तहत लोग कुल नगदी का 50 प्रतिशत देकर पैसा खाते में डाल सकते हैं.
  4. इसमें 30 प्रतिशत टैक्स, 10 प्रतिशत जुर्माना और 10 प्रतिशत ग़रीब कल्याण सेस शामिल है.
  5. कुल जमा राशि का 25 प्रतिशत ही खाता धारक को तुरंत मिल पाएगा.
  6. बाक़ी का 25 प्रतिशत सरकार एक विशेष नए फंड प्रधानमंत्री ग़रीब कल्याण योजना में चार साल तक ख़र्च करेगी.
  7. इस पर खाताधारक को कोई ब्याज नहीं मिलेगा.
  8. छापेमारी में जो राशि मिलेगी, उसका 85 प्रतिशत टैक्स और जुर्माना में चला जाएगा, सिर्फ़ 15 प्रतिशत खाता धारकों को मिलेगा.
  9. अगर छापे में मिली राशि का स्रोत पता चल जाता है, तो नियमित टैक्स के साथ 30 प्रतिशत जुर्माना लगेगा, अगर नहीं तो जुर्माना 60 प्रतिशत होगा.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

मिलते-जुलते मुद्दे