मेरा बेटा आत्महत्या नहीं कर सकता: जीवानंदम

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दिल्ली स्थित जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय यानी जेएनयू के मृतक छात्र मुथुकृष्णनन के पिता जीवानंदम को यक़ीन नहीं हो रहा कि उनका बेटा आत्महत्या कर सकता है, जैसा कि उन्हें बताया जा रहा है.

जेएनयू के दलित शोध छात्र की संदिग्ध मौत

बीबीसी तमिल संवाददाता थंगवेल से बातचीत में जीवानंदम ने कहा, ''मेरे बेटे ने दो दिन पहले फोन किया था. उसने कहा था कि मेरी परीक्षा है, उसके बाद मैं घर आऊंगा. सोमवार को मुझे पता चला कि मेरे बेटे ने आत्महत्या कर ली है.''

उन्होंने कहा, ''लेकिन मैं इस पर यक़ीन नहीं करता हूं. वो कायर नहीं है कि आत्महत्या करे. वो एक बहुत प्रतिभाशाली छात्र था. वो कभी कहीं उलझता नहीं था.

जीवानंदम का दावा है, ''जेएनयू में दाख़िला भी उसे मेरिट पर मिला था. आत्महत्या से मौत की बात पर मुझे संदेह होता है. हम उम्मीद कर रहे थे कि वो अपनी पढ़ाई पूरी करने एक अच्छा जीवन व्यतीत करेगा.''

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मुथुकृष्णनन जीवानंदम ने फ़ेसबुक पर रजनी कृष के नाम से अपना प्रोफ़ाइल बनाया था जिस पर उन्होंने हाल ही में कुछ पोस्ट में जेएनयू में समानता के मुद्दे पर सवाल उठाए थे.

तमिलनाडु के शहर सेलम में मुथुकृष्णनन के पिता जीवानंदम सिक्योरिटी वॉचमैन के तौर पर काम करते हैं.

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