पाकिस्तान में लापता भारतीय मौलवी कराची पहुँचे

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Image caption सैयद आसिफ़ अली निज़ामी और उनके भतीजे नाज़िम अली निज़ामी

पाकिस्तान के दौरे पर गए दिल्ली की हज़रत निज़ामुद्दीन दरगाह के दो मौलवियों के बारे में ख़बर आई है कि उनका पता चल गया है. समाचार एजेंसी पीटीआई ने ख़बर दी है कि पाकिस्तान ने ये पुष्टि की है कि दोनों मौलवी कराची पहुँच गए हैं.

पिछले तीन दिनों से उनका कुछ पता नहीं चल रहा था. इस घटना को लेकर अब तक मौजूद कुछ जानकारियाँः

  • सैयद आसिफ़ अली निज़ामी और उनके भतीजे नाज़िम अली निज़ामी 6 मार्च को दिल्ली से पाकिस्तानी विमान सेवा पीआईए से कराची गए थे. ये जानकारी उनके बेटे साजिद निज़ामी ने बीबीसी को दी. हालाँकि विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने अपने ट्वीट में उनके जाने की तारीख़ 8 मार्च बताई थी.
  • 80 वर्षीय आसिफ़ निज़ामी हज़रत निज़ामुद्दीन औलिया दरगाह के प्रधान मौलाना (सजदानशीं) हैं. उनकी सगी बहन कराची में रहती हैं जिनकी उम्र 90 साल है. आसिफ़ निज़ामी अपनी बहन से मिलना चाहते थे. वे इससे पहले अपनी बहन से मिलने लगभग 30 साल पहले पाकिस्तान गए थे.
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  • एक हफ़्ते कराची में रूकने के बाद 13 मार्च की सुबह फ़्लाइट से दोनों लोग लाहौर गए. वे वहाँ निज़ामुद्दीन औलिया के गुरु बाबा फ़रीद की दरगाह और एक अन्य दरगाह दाता दरबार पर चादर चढ़ाने गए थे. 13 और 14 मार्च को उन्होंने दोनों दरगाहों पर प्रार्थना की. उन्होंने वहाँ से साजिद निज़ामी को व्हाट्सऐप पर तस्वीरें भी भेजीं.
  • 15 को उन्हें कराची लौटना था. पर लाहौर एयरपोर्ट पर नाज़िम निज़ामी को बोर्डिंग पास लेने के बाद रोक लिया गया. कहा गया कि उनसे पूछताछ करनी है. पर आसिफ़ निज़ामी को जाने दिया गया.
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  • फ़्लाइट 6 बजे शाम को कराची पहुँची. आसिफ़ निज़ामी ने अपने भांजे वज़ीर निज़ामी को फ़ोन किया कि वे पहुँच गए हैं, उन्हें लेने आ जाएँ, नाज़िम निज़ामी को लाहौर में ही रोक लिया है. भांजे ने कहा कि वे बाहर खड़े हैं.
  • वज़ीर निज़ामी रात दो बजे तक एयरपोर्ट पर रहे मगर आसिफ़ निज़ामी बाहर नहीं आए.
  • 16 मार्च को सुषमा स्वराज ने ट्वीट किया और बताया कि भारत सरकार ने इस सिलसिले में पाकिस्तान से संपर्क किया है और उनसे दोनों भारतीय नागरिकों के बारे में जानकारी मांगी है.
  • पाकिस्तान की ओर से औपचारिक तौर पर कोई बयान नहीं आया है.
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Image caption सुषमा स्वराज का 17 मार्च का ट्वीट
  • समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नफ़ीस ज़कारिया ने उन्हें बताया कि अभी तक दोनों भारतीय मौलवियों का कोई सुराग़ नहीं मिला है. उन्होंने बताया कि भारत सरकार ने उनसे पता लगाने के लिए आग्रह किया है और संबद्ध विभागों को इस मामले को देखने के लिए कहा गया है.
  • बीबीसी के लाहौर संवाददाता उमर दराज़ ने पाकिस्तानी वायुसेना के एक अधिकारी से बात की जिसने बताया कि भारतीय विदेश मंत्रालय ने दिल्ली में पाकिस्तानी उच्चायोग से संपर्क किया था जिसके बाद उच्चायोग ने पाकिस्तान सरकार को सूचित किया है.
  • बीबीसी संवाददाता ने कराची में पुलिस अधिकारियों से भी संपर्क किया जिन्होंने बताया कि उनकी स्पेशल ब्रांच के पास दोनों भारतीय नागरिकों के कराची पहुँचने के बारे में कोई सूचना नहीं दी गई है. पाकिस्तान जाने वाले भारतीय नागरिकों को हर शहर के स्थानीय थाने में जानकारी दर्ज करवानी होती है.
  • सुषमा स्वराज ने 17 मार्च को फिर से ट्वीट किया है और लिखा है कि पाकिस्तान स्थित भारतीय उच्चायोग ने इस मामले को अपने हाथ में ले लिया है और वे उनसे लगातार संपर्क में हैं.
  • सुषमा ने ये भी लिखा कि उच्चायोग ने पाकिस्तान में भारतीय मौलवियों के मेज़बानों से भी संपर्क की कोशिश की है मगर ऐसा लगता है कि उनपर भारतीय अधिकारियों से बात नहीं करने के लिए दबाव है.
  • आसिफ़ अली निज़ामी के बेटे ने भी कहा है कि पाकिस्तान में उनके रिश्तेदार उनसे बात नहीं कर रहे हैं.
  • समाचार एजेंसी पीटीआई ने 18 मार्च को ख़बर दी है कि पाकिस्तान सरकार ने बताया है कि दोनों मौलवी कराची पहुँच गए हैं.

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