'आप' पर संगीन आरोप लगाते बेहोश हुए कपिल मिश्रा

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आम आदमी पार्टी में छिड़ी जंग थमने का नाम नहीं ले रही है.

आम आदमी पार्टी से नाराज़ चल रहे और प्राथमिक सदस्यता से निलंबित दिल्ली के पूर्व जल मंत्री कपिल मिश्रा ने रविवार को एक संवाददाता सम्मेलन बुलाकर 'आप' पर राजनीतिक चंदे में हेरा-फेरी का आरोप लगाया.

कपिल मिश्रा ने दावा किया, "आम आदमी पार्टी ने चुनाव आयोग के सामने पार्टी के चंदे की ग़लत जानकारी दाखिल की."

कपिल मिश्रा का दावा है कि इसके ज़रिए काले धन को सफेद किया गया. उन्होंने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के इस्तीफे की मांग भी की.

उन्होंने कहा, "अरविंद केजरीवाल ने पैसों की कमी न होने के बावजूद लोगों से दस-दस रुपए का चंदा मांगकर देश की जनता को धोखा दिया. लोगों से 45 करोड़ की रकम आई और वेबसाइट पर केवल 19 करोड़ दिखाए गए, 25 करोड़ की सच्चाई कार्यकर्ताओं से छुपाई गई."

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आम आदमी पार्टी के नेता संजय सिंह ने कपिल मिश्रा के आरोपों पर जवाब देते हुए कहा, "जो बात बीजेपी बोलती है, वही कपिल बोलते हैं, चुनाव आयोग में चंदे का मामला उठाकर बीजेपी ने आम आदमी पार्टी की मान्यता रद्द करने की माँग की थी. पूर्व चुनाव आयुक्त कुरैशी ने कहा था कि आप का चंदा सबसे ईमानदारी से लिया जाता है."

लेकिन संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कपिल शर्मा बेहोश होकर गिर पड़े. मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक वो पिछले पांच दिनों से अनशन पर थे. जहां से पुलिस उन्हें एम्बुलेंस से अस्पताल ले गई.

कपिल मिश्रा के आरोप

पिछले दिनों कपिल मिश्रा ने कहा था कि उन्होंने मुख्यमंत्री के घर पर केजरीवाल को मंत्री सत्येंद्र जैन से दो करोड़ रुपए लेते देखा था.

कपिल मिश्रा ने 400 करोड़ रुपए के पानी टैंकर घोटाले में अरविंद केजरीवाल के शामिल होने का आरोप लगाया है.

इसके अलावा कपिल मिश्रा ने आरोप लगाया है कि शीला दीक्षित की कांग्रेस सरकार के वक्त हुए घोटाले की जांच में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जान-बूझ कर देरी कर रहे हैं.

इसके बाद कपिल मिश्रा को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया गया था.

इससे पहले उन्हें केजरीवाल की कैबिनेट से मंत्री पद से भी हटा दिया गया था.

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