लुधियाना में कर्फ़्यू, तनाव

लुधियाना में हिंसा
Image caption हिंसा के दौर में सरकारी संपत्ति का भी भारी नुक़सान होता है

भारतीय पंजाब के लुधियाना में शुक्रवार को ग़ैर पंजाबी मज़दूरों और स्थानीय लोगों के कुछ गुटों के बीच हिंसात्मक दौर के बाद पाँच पुलिस थाना क्षेत्रों में शनिवार को भी कर्फ़्यू जारी है और स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है.

शनिवार को लुधियाना में धर्म प्रचारक आशुतोष महाराज के एक सत्संग के दौरान कट्टरपंथी सिख गुटों ने विरोध प्रदर्शन किया है और कई जगह पर उनकी पुलिस के साथ झड़पें भी हुई हैं.

स्थानीय पत्रकारों के अनुसार इस मसले की शुरुआत ग़ैर पंजाबी मज़दूरों को वेतन मिलने के दिन लूट लिए जाने की घटनाओं और उनकी शिकायत पर 'संतोषजनक' पुलिस कार्रवाई न होने से हुई. लेकिन ऐसी घटनाएँ बार-बार होने के कारण ग़ैर पंजाबी मज़दूरों में इस विषय पर काफ़ी गुस्सा था और ये मुद्दा बड़ा बनता चला गया.

राज्य के पुलिस महानिदेशक पीएस गिल ने संवाददाताओं को बताया शुक्रवार को बताया था कि इन घटनाओं के बाद 15 पुलिसकर्मियों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. लेकिन पुलिस ने आम नागरिकों के घायल होने की कोई जानकारी सार्वजनिक नहीं की है.

उन्होंने कहा कि लुधियाना से सटे ज़िलों से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया है और शहर में अब स्थिति नियंत्रण में है. राज्य ने केंद्र सरकार से अर्धसैनिक बलों की दो कंपनियां भेजने का अनुरोध किया है.

गिल ने कहा, "केंद्रीय गृह मंत्रालय से लुधियाना शहर के लिए अर्धसैनिक बलों की दो बटालियन भेजने का अनुरोध किया गया है." उन्होंने बताया कि शहर के प्रभावित इलाक़ों में सुरक्षा बलों ने फ़्लैग मार्च भी किया है.

पथराव से स्थिति बिगड़ी

ग़ौरतलब है कि पंजाब की इस सबसे बड़ी औद्योगिक नगरी में लाखों की तादाद में दूसरे राज्यों से आए मज़दूर काम करते हैं.

पुलिस महानिदेशक गिल के अनुसार ग़ैर पंजाबी मजदूरों की एक भीड़ ने ग्रैंड ट्रंक रोड पर यातायात ठप्प कर दिया और उत्तेजित प्रदर्शनकारियों ने पथराव कर कई वाहनों को क्षतिग्रस्त किया और संपत्ति को नुक़सान पहुँचाया.

भीड़ ने नौ वाहनों को आग लगा दी और पुलिस पर पथराव भी किया. गिल ने कहा कि पुलिस ने कई स्थानों पर भीड़ पर काबू पाने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े.

लेकिन इस बीच स्थानीय लोग इस मामले में उतर आए. फिर उनके और ग़ैर पंजाबी मज़दूरो के बीच भी झड़पें हुई.

पुलिस के अनुसार साहनेवाल से लेकर सामराला तक के 15 किलोमीटर इलाक़े में कर्फ़्यू लगाया गया और अनेक जगहों पर अब भी कर्फ्यू जारी है.

शहर के अन्य क्षेत्रों में जनजीवन सामान्य है हालाँकि शहर के भीतर और बाहर जाने के कुछ रास्तों पर यातायात में विघ्न पड़ा है.

इस बीच, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार एचएस बेंस ने कहा है कि राज्य में शांति और सदभाव बनाए रखने के लिए सभी राजनीतिक, प्रशासनिक और सामाजिक क़दम उठाए जाएँगे.उन्होंने कहा, "हम इस पूरे मामले की जाँच कराएँगे."

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