'घरेलू आतंकवाद से लड़ने में पाक की प्रगति उतनी तेज़ नहीं'

ओबामा और मिशेल दिल्ली में हुमायूँ के मकबरे पर
Image caption रविवार दोपहर ओबामा और मिशेल दिल्ली पहुँचे और हुमायूँ के मकबरे का दौरा किया

अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने अपनी पहली भारत यात्रा के दौरान कहा है कि 'घरेलू आतंकवाद से लड़ने में पाकिस्तान की प्रगति उतनी तेज़ नहीं रही जितनी अमरीका को उम्मीद है.'

भारत यात्रा के दूसरे दिन युवाओं को संबोधित करते हुए अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कहा कि है कि पाकिस्तान में राजनीतिक स्थिरता और लोकतांत्रिक मूल्यों की स्थापना भारत के लिए सबसे ज़्यादा मायने रखती है.

उनका कहना था कि जैसे-जैसे भारत आर्थिक तौर पर सफल होता है, वह नहीं चाहेगा कि उसके क्षेत्र में असुरक्षा और अस्थिरता का वातावरण हो.

मुंबई के सेंट ज़ेवियर्स कॉलेज में छात्रों से बातचीत के दौरान ओबामा ने कहा कि पाकिस्तान के साथ अमरीका के संबंध महत्वपूर्ण हैं और ज़रूरी भी हैं.

'सुधार की कोशिश'

अमरीका और पाकिस्तान की साझेदारी को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, ''हम पाकिस्तान की सरकार के साथ कई साल से संपर्क में हैं, और हमने उन्हें बता दिया है कि हम एक स्थिर, शांतिप्रिय और ख़ुशहाल पाकिस्तान चाहते हैं. पाकिस्तान की सरकार के साथ काम करके हम उस चरमपंथी सोच को ख़त्म करना चाहते हैं, जो समाज में कैंसर की तरह है.''

मुंबई में युवाओं से मिले ओबामा

उन्होंने कहा, ''ये बात माननी पड़ेगी कि पाकिस्तान में चरमपंथी तत्व काम कर रहे हैं. पाकिस्तान की सरकार को भी ये मालूम है क्योंकि इससे सबसे ज़्यादा लोग पाकिस्तान में ही मारे जा रहे हैं. हम स्थिति में सुधार की कोशिश में लगे हैं.''

ओबामा ने कहा कि भारत एक मज़बूत आर्थिक ताकत के रुप में अग्रसर हो रहा है. ऐसे में एक स्थिर पाकिस्तान भारत के हित में है.

संवाद ज़रूरी

उन्होंने कहा, ''भारत और पाकिस्तान के रिश्ते हमेशा से जटिल रहे हैं. भारत तेज़ी से बढ़ती हुई आर्थिक ताकत है और अस्थिर पाकिस्तान भारत के लिए भी अच्छा नहीं है. मैं उम्मीद करता हूं कि दोनों देशों के बीच विश्वास कायम हो. कम विवादित मुद्दों के साथ बातचीत शुरु हो, फिर विवादित मुद्दों पर बात हो.''

भारतीय मीडिया में छाए ओबामा

ओबामा ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि भारत और पाकिस्तान के बीच भरोसे और संवाद की स्थिति पैदा हो और दोनों देश आर्थिक विकास को लेकर आगे बढ़ें.

भारत और अमरीका के बीच सहयोग को लेकर उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच सहयोग की अपार संभावनाएँ हैं और वो भारत के साथ सहयोग को लेकर आशांवित भी हैं.

राष्ट्रपति ओबामा ने कहा कि दिल्ली में वो प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मिलेंगे और आतंकवाद सहित आर्थिक सहयोग के मुद्दे पर बातचीत करेंगे.

संबंधित समाचार