अन्ना का अनशन, कहा सरकार गूँगी और बहरी

फाइल इमेज कॉपीरइट Getty

सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे व्हिसलब्लोयर बिल के मुद्दे को लेकर दिल्ली में एक दिन का अनशन कर रहे हैं. अन्ना पहले राजघाट गए और उसके बाद करीब 11 बजे जंतर-मंतर पहुँचे.

अन्ना ने पिछले साल अप्रैल में पहली बार जंतर-मंतर से लोकपाल बिल के मु्द्दे पर अनशन किया था.

बताया जा रहा है कि अनशन में उन परिवारों के लोग भी शामिल होंगे जिनके परिवारजन भ्रष्टाचार के कथित मामले सामने लाने के कारण मारे गए.

अनशन शुरु करने से पहले अन्ना ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, "जिन लोगों ने भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ी और शहीद हुए सरकार उनके लिए कुछ नहीं कर रही. कई लोगों की हत्या हो गई, उनके परिवारवारले रो रहे हैं. लेकिन सरकारी गूँगी बन गई, बहरी बन गई. उसे रोने की आवाज सुनाई नहीं देती. सरकार को संवेदनशील होना चाहिए. हम भ्रष्टाचार के खिलाफ़ लड़ाई लड़ेंगे."

अन्ना ने सरकार के 'बेकार बिल' को वापिस लेने की मांग दोहराई है और कहा है कि कि भ्रष्टाचार का सामना करने के लिए कमजोर कानून लाने का कोई मतलब नहीं है.

राज्यसभा में नहीं हुआ है पारित

लोकपाल पर सहमति बनाने के लिए प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने शुक्रवार को सभी राजनीतिक दलों के नेताओं की एक बैठक बुलाई थी. लेकिन इस बैठक में कोई सहमति नहीं बन सकी थी.

लोकपाल बिल लोकसभा में पास हो चुका है लेकिन पिछले साल दिसंबर में रात 12 तक चली लंबी चौड़ी बहस के बावजूद राज्यसभा में पारित नहीं हो सका था.

सत्र की अवधि समाप्त होने के कारण राज्य सभा में इसे पारित करने की प्रक्रिया पूरी नहीं हो हुई थी.

संबंधित समाचार