लोगों को हंसाना है कठिन: पापा सीजे

पापा सीजे
Image caption स्टैड-अप कॉमेडी के क्षेत्र में अपना अच्छा खासा नाम बना चुके पापा सीजे का मानना है कि मेहनत ही सफलता की कुंजी है.

विभिन्न पेशों से जुड़े पेचीदे सवालों का जवाब आप तक पहुंचाने के लिए हर शनिवार बीबीसी हिंदी सेवा आपकी मुलाकात ऐसे पेशेवर व्यक्तियों से करवाएगी, जिनका काम अपने ही आप में अनूठा हो.

इस कड़ी में कॉमेडियन पापा सीजे से बात की बीबीसी संवाददाता तुषार बनर्जी ने.

लोगों को हंसाना कितना कठिन है ?

आप एक जोक सुनाकर मुझे हंसाकर दिखाइए आपको पता चल जाएगा. वैसे काफी कठिन काम है, लेकिन जो खुशी, जो सुकून लोगों को हंसाकर मिलता है वो किसी और काम में नहीं मिलता.

मैंने हाल ही में कोलकाता में एक शो किया जिसमें एक 86 साल की महिला आई थी, उन्होंने मुझसे कहा कि वो इतना खुलकर कई सालों से नहीं हंसी थी. मुझे इससे बहुत खुशी मिली.

एक कॉमेडियन का जीवन कैसा होता है, क्या आप संतुष्ट है?

मै तो खुश हूं. मै कॉमेडी करता हूं क्योंकि मुझे शौक है, मै खुश होता हूं स्टेज पर. अगर आप मुझसे पूछे कि मै लंदन जाना चाहता हूं या घूमना चाहता हूं तो मेरा जवाब होगा कि मुझे स्टेज पर खड़े होकर लोगो को हंसाना सबसे ज्यादा पसंद है.

इतना कुछ सुनाते हैं आप स्टेज पर, कुछ किताबे भी पढ़ते भी है इसके लिए या फिर सब अनुभव की देन है?

मै बस लोगों को पढ़ता हूं, दुनिया को देखता हूं. खबरे देखता हूं. जो कॉमेडी जिंदगी से आती है वो किताबों से नहीं मिल सकती.

काम की व्यस्तता के बीच परिवार के लिए समय मिलता है ?

मेरे कार्यक्रम एक घंटे के होते है, इसके अलावा बाकी समय परिवार के साथ ही बिताता हूं. वो मेरे लिए काफी अहम है. यही मजा है मेरे काम का, दफ्तर जाने का भी झमेला नहीं.

हास्य कवि सम्मेलन से स्टैंड-अप कॉमेडी तक कितनी आगे बढ़ी है कॉमेडी ?

सबसे पहले मै आपसे ये कहना चाहता हूं कि दोनों को आप एक तराजू में ना तौले. हास्य कविता का अलग स्थान है और स्टैंड-अप कॉमेडी का अपना स्थान है. दिल्ली में सबसे पहले स्टैंड-अप कॉमेडी शो मैने शुरू की थी. हमने अपनी अलग जगह बनाई है.

इस क्षेत्र में जो आना चाहते है उनको आप क्या सुझाव देना चाहते है ?

नए लोगों को मेरी सलाह है कि वो खूब मौज करें, बड़ा मस्त रोजगार है ये. आप जितना ज्यादा काम करेंगे उतनी ही अच्छी होती जाएगी आपकी कॉमेडी. जल्दी सफलता पाने से चक्कर में न पड़े. पहले अच्छा बने फिर तो पैसे भी मिलेंगे और नाम भी.

स्टैंड-अप कॉमेडी के क्षेत्र में काम करना हो तो पहला कदम क्या होगा ?

पहला कदम होगा स्टेज पर खड़ा होना. हमारे प्रोफेशन में कोई थ्योरी नहीं है. जितना काम करेंगे उतना सीखते जाएंगे.

एक कॉमेडियन में क्या खूबियां होनी चाहिए ?

एक तो हिम्मत चाहिए, क्योंकि सफलता पाने से पहले बहुत मार खानी पड़ती है. दूसरा, अपने काम से प्यार होना चाहिए क्योंकि मां-बाप बोलेंगे कि क्या नौटंकीबाजी कर रहे हो, कुछ काम धंधा करों पैसे कमाओ.

यही समस्या है कि अभी तक तो कॉमेडी में उतना पैसा नहीं है, लोग इसे एक संपूर्ण रोजगार नहीं मानते है. बहुत से लोग परेशानियों और दबाव से झूझकर सफलता से पहले ही हथियार डाल देते है. मै यही कहता हूं कि अगर आप मेहनत करेंगे तो सफलता जरूर मिलेगी.

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