आदर्श घोटाले की चार्जशीट में पूर्व मुख्यमंत्री समेत 13 का नाम

आदर्श सोसाइटी (फाइल फोटो)
Image caption आदर्श सोसाइटी घोटाले के कारण तत्कालीन मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण को इस्तीफा देना पड़ा था

मुंबई के आदर्श हाउसिंग सोसाइटी घोटाले में केंद्रीय जाँच ब्यूरो (सीबीआई) ने चार्जशीट दाखिल कर दी है जिसमें महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण समेत 13 अभयुक्तों के नाम शामिल हैं.

चार्जशीट दस हजार पन्नों की है और इसे सेशन कोर्ट में पेश किया गया है.

आदर्श हाऊसिंग सोसाइटी कारगिल युद्ध में मारे गए फोजियों के परिवार के लिए तैयार की जानी थी जिसमें छह मंजिल होनी थीं. लेकिन इस में 103 परिवार हैं और 31 मंजिला इमारत है.कई परिवारों का कारगिल से कोई संबंध नहीं है.

'मैं निर्दोष हूँ, सच सामने आएगा'

अशोक चव्हाण ने चार्जशीट में अपना नाम शामिल होने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है. उन्होंने कहा कि वो निर्दोष हैं और सच जरूर सामने आएगा.

उनका दावा था कि ये उनके राजनीतिक विरोधियों की चाल है ताकि उन्हें सावर्जनिक जीवन से बाहर रखा जाए.

इस घोटाले की चपेट में तीन भूतपूर्व मुख्यमंत्री आ चुके हैं जिनमें विलासराव देशमुख भी शामिल हैं लेकिन चार्जशीट में उनका नाम नहीं है. ये तीनों भूतपूर्व मुख्यमंत्री इस घोटाले की ज़िम्मेदारी एक दूसरे पर थोपते आए हैं. अशोक चव्हाण का यह भी कहना था की इस घोटाले को बेकार में तूल दिया जा रहा है कियोंकि यह एक प्रशासनिक मामला है. खुद अशोक चव्हाण के परिवार के लोगों को भी तीन घर दिए गए हैं. चव्हाण ने हमेशा कहा है कि ज़मीन राज्य सरकार की थी लेकिन सेना के पास यह ज़मीन दशकों से थी. इस घोटाले के सार्वजनिक होने के बाद चव्हाण को मुख्यमंत्री पद से हाथ धोना पड़ा था.

इससे पहले महाराष्ट्र सरकार ने सीबीआई जांच पर प्रश्नचिन्ह लगते हुए एक हलफनामा दायर किया था जिसमें कहा गया था की जमीन राज्य सरकार की है तो सीबीआई कैसे जांच कर सकती है. दूसरी तरफ इसी तर्क के साथ एक याचिका आदर्श सोसायटी ने भी दाखिल की थी.

संबंधित समाचार