जंदल पर अभी कोई दस्तावेज नहीं

भारत लश्कर-ए-तैयबा के संदिग्ध चरमपंथी सैयद जबीउद्दीन अंसारी उर्फ अबु जंदल पर पाकिस्तान को अभी कोई दस्तावेज नहीं दे रहे हैं.

Image caption चिदंबरम ने कहा है कि किसी के लिए इस बात को खारिज करने की संभावना नहीं है कि मुंबई में हमले से पहले और इसके दौरान नियंत्रण पाकिस्तान में था

बुधवार को मीडिया से बातचीत में केंद्रीय गृह मंत्री पी चिदंबरम ने कहा, “ हम कोई दस्तावेज नहीं दे रहे हैं. लेकिन विदेश सचिव को जंदल से हुई पूछताछ के दौरान मिली जानकारियों के बारे में ब्रीफ किया गया है. उनसे कहा गया है कि अगर चाहें तो वह पाकिस्तानी विदेश सचिव के साथ यह सब साझा कर सकते हैं. लेकिन अभी कोई दस्तावेज नहीं सौंपा गया है. ”

उन्होंने कहा कि जंदल से पूछताछ के बाद काफी गुत्थियां सुलझी हैं. मसलन मुंबई पर हमला करने वालों को किसने, कहा ट्रेनिंग दी थी. कंट्रोल रूम में कौन-कौन था. कंट्रोलरूम कैसे काम कर रहा था.

गृह मंत्री ने कहा कि किसी के लिए भी इस बात को खारिज करने की संभावना नहीं है कि मुंबई में हमले से पहले और इसके दौरान नियंत्रण पाकिस्तान में था.

छत्तीसगढ़ में सीआरपीएफ के हाथों मारे गए कथित माओवादियों के बारे में उनके साथी मंत्री की ओर से उठाए गए सवाल पर चिदंबरम ने कहा कि वह किशोरचंद्र देव के दुख को समझते हैं.

चिदंबरम ने कहा, “ 29 जून को मेरे मासिक संवाददाता सम्मेलन से पहले सीआरपीएफ ने दो प्रेस नोट जारी किए थे. इस घटना के तुरंत बाद सीआरपीएफ ने 2 जुलाई को तीसरा प्रेस नोट जारी किया था. मैं चाहूंगा कि इन इन तीनों प्रेस नोट को ध्यान से पढ़ा जाए. मुझे नहीं लगता कि कोई अन्य सशस्त्र दल इतनी पारदर्शिता के साथ घटना के कुछ घंटे बाद बयान जारी करेगा है. ”

उन्होंने बताया कि मारे गए सभी लोगों के पोस्टमोर्टम का वीडियो बनाया गया है. इनमें अधिकतर व्यस्क हैं. सबसे कम उम्र 15-16 साल है. उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे पर किसी राजनैतिक विवाद में नहीं पड़ना चाहते.

चिदंबरम ने कहा कि वह गृह मंत्री हैं और सीआरपीएफ गृह मंत्रालय का हिस्सा है. वह बेहद ही पारद्रशिता के साथ काम र रहे हैं. फिर भी अगर किसी निर्दोष की मौत हुई है तो उन्हें खेद है.

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