विजय माल्या के खिलाफ़ गैर ज़मानती वारंट

 शुक्रवार, 12 अक्तूबर, 2012 को 19:39 IST तक के समाचार
विजय माल्या

माल्या की कंपनी का टैगलाइन है – द किंग ऑफ गुड टाइम्स यानि अच्छे दिनों का राजा.

हैदराबाद की एक स्थानीय अदालत ने किंगफिशर एयरलाइन के अध्यक्ष विजय माल्या सहित कंपनी के चार निदेशकों के खिलाफ़ गैर ज़मानती वारंट जारी किया है.

जीएमआर हैदराबाद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे ने चेक वापस होने के एक मामले में हैदराबाद की नामपल्ली आपराधिक अदालत में किंगफिशर के खिलाफ़ मामला दर्ज किया था. विजय माल्या और कंपनी के निदेशक जब इस मामले में अदालत में पेश नहीं हुए तो उनके खिलाफ़ गैर ज़मानती वारंट जारी किया गया है.

किंगफिशर के कॉरपोरेट कम्युनिकेशन प्रमुख प्रकाश मीरपुरी का कहना है कि कंपनी को फिलहाल कोई वारंट नहीं मिला है.

कंपनी के चार निदेशकों में संजय अग्रवाल शामिल हैं और इस मामले की सुनवाई अब पांच नवंबर को होगी. किंगफिशर की ओर से वापस हुए चेक की कीमत 10.5 करोड़ है.

करोड़ों का घाटा

शुक्रवार को किंगफिशर के वकील ने विजय माल्या और उनके निदेशकों की पैरवी करते हुए अदालत के सामने उनके गैर हाज़िर रहने की अर्ज़ी पेश की थी और अदालत से अपील की थी कि उनके खिलाफ़ गैर ज़मानती वारंट जारी न किया जाए. हालांकि मामले के जज केदारा चारी ने इस अर्ज़ी को खारिज कर दिया.

किंगफिशर एयरलाइन और जीएमआर हैदराबाद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के बीच हुए एक क़रार के मुताबिक किंगफिशर को हवाई अड्डे के विकास शुल्क के रुप में यात्रियों से फीस वसूलने की इजाज़त दी गई थी. 10.5 करोड़ की ये राशि कंगफिशर को हवाई अड्डे को सौंपनी थी लेकिन ये चेक बाउंस हो गया.

इससे पहले इस साल जून में जीवीके समूह द्वारा चलाए जा रहे मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की ओर से भी चेक वापस होने के एक मामले में किंगफिशर के खिलाफ़ आपराधिक मामला दर्ज किया गया था.

किंगफिशर पर लगभग 6,500 करोड़ का घाटा है और विजय माल्या इन दिनों कई मुश्किलों से घिरे हैं. किंगफिशर एयरलाइन में कर्मचारियों को तनख्वाहें नहीं मिली हैं और वो हड़ताल पर हैं, कंपनी के शेयर गिरे हैं और कंपनी पर कर्ज का बोझ बढ़ा है.

इसे भी पढ़ें

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.