गैंग रेप मामला: प्रदर्शनकारी पुलिस फिर आमने सामने

 गुरुवार, 27 दिसंबर, 2012 को 16:41 IST तक के समाचार
विरोध प्रदर्शन

पुलिस के कडे इंतजामों का प्रदर्शनकारियों का असर पड़ा है.

नारे लगाते हाथों में पोस्टर लिए कुछ सौ आम लोग एक बार फिर से नई दिल्ली में इंडिया गेट के पास भारी भरकम पुलिस बन्दोबस्त के सामने सामूहिक बलात्कार का विरोध करते जमा हैं.

प्रदर्शनकारियों में बड़ी तादाद में मध्यम और उच्चमध्यम वर्गीय परिवारों की औरतें भी शामिल हैं.

पिछले शनिवार और रविवार को प्रदर्शनकारियों और पुलिसवालों के बीच हुई हिंसक झडपों के बाद आज पुलिस और प्रदर्शनकारी दोनों ही संयमित दिख रहे हैं. पिछली बार हुई झड़पों में एक पुलिसवाले की मौत हो गयी थी .

दिल्ली के ज़ाकिर हुसैन मार्ग पर मौजूद बीबीसी संवादाता जुबैर अहमद का कहना है कि पुलिसवालों की तादाद प्रदर्शनकारियों से कहीं ज़्यादा है.

पुलिस ने प्रदर्शनकारियों का रास्ता रोक रखा है और उन्हें इंडिया गेट की तरफ नहीं जाने दे रही है लेकिन आस-पास कहीं भी पानी की बौछार करने वाली गाड़ियां नहीं दिख रही हैं.

'हम इन्हें यहाँ से आगे बढ़ने नहीं देंगे'

जुबैर का कहना है "अर्ध सैनिक बल आरऐएफ सरकार के सिपाहियों की कुछ दूरी पर तैनाती और दिल्ली पुलिस के जवानों के हाथों में झूलते आंसू गैस के बमों के डब्बे दिखा रहे हैं कि सरकार का रवैया नर्म हुआ है ढीला नहीं."

मौके पर मौजूद एक बड़े पुलिस अधिकारी ने बीबीसी संवाददाता को नाम ना बताने की शर्त पर बताया कि "यह प्रदर्शनकारी चाहे दो दिन यहाँ बैठें चाहे तीन दिन लेकिन हम इन्हें यहाँ से आगे बढ़ने नहीं देंगे."

प्रदर्शनकारियों की मंशा पैदल के जंतर मंतर तक जाने की है.

अपना रास्ता रोके के जाने का विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों का कहना है कि भारत के आज़ाद नागरिक होने के नाते उन्हें शांतिपूर्ण ढंग से कहीं भी जा कर प्रदर्शन करने का अधिकार है. लेकिन मौके पर मौजूद दिल्ली पुलिस के लोग किसी भी कीमत पर बैरिकेड हटाने के लिए अभी तो राज़ी नहीं दिख रहे.

इस बीच सिंगापुर के माउंट एलिज़ाबेथ अस्पताल के प्रवक्ता का कहना है कि दिल्ली में सामूहिक बलात्कार की शिकार हुई लड़की को गुरुवार सुबह बेहद नाज़ुक हालत में गहन चिकित्सा कक्ष (आईसीयू) में भर्ती कराया गया है.

इसे भी पढ़ें

टॉपिक

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.