दिल्ली बलात्कार: नाबालिग पर फैसला आज ?

 सोमवार, 28 जनवरी, 2013 को 11:42 IST तक के समाचार
दिल्ली सामूहिक बलात्कार कांड

लोगों की यह भी मांग थी कि अगर इस घटना में शामिल छटवां आरोपी किशोर भी साबित हो तब भी उस पर वयस्कों की तरह ही अदालत में मुकदमा चलाया जाए.

दिल्ली जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड आज क्लिक करें दिल्ली सामूहिक बलात्कार कांड के अभियुक्तों में से एक के बारे में तय कर सकता है कि वह किशोर है की नहीं.

जानकारी के अनुसार दिल्ली रेप केस के अभियुक्तों से एक के बारे में उसके वकील ने कहा था कि वह दिल्ली पुलिस के दावे के अनुसार क्लिक करें बालिग़ नहीं है बल्कि एक किशोर है.

इस अभियुक्त की उम्र के दावे को सिद्ध करने के लिए उसके स्कूल के प्रमाणपत्र भी अदालत के सामने लाए गए, लेकिन इस अभियुक्त का जन्म प्रमाणपत्र ना होने के कारण दिल्ली पुलिस की ने मांग है कि इस अभियुक्त का बोन ऑसिफिकेशन टेस्ट या हड्डियों की जांच कराई जाए.

बोन ऑसिफिकेशन टेस्ट के बारे में विशेषज्ञों का कहना है कि इस टेस्ट से किसी भी आदमी की उम्र का एकदम सटीक पता नहीं लगता है और दो साल कम या ज़्यादा होने की संभावना हमेशा रहती है.

सरकारी नियम

सरकारी नियम हैं कि इस तरह की परिस्थिति में किसी भी अभियुक्त की उम्र को दिए गए दायरे में कम ही माना जाए.

दिल्ली सामूहिक बलात्कार कांड का मुकदमा दिल्ली की अन्य क्लिक करें फास्टट्रेक अदालत में चल रहा है.

इस सामूहिक बलात्कार कांड ने देश को हिला कर रख दिया था और जनता सड़कों पर उतर आई थी.

इस अपराध में क्लिक करें पीड़ित लडकी की मृत्यु और घटना से उपजे जनाक्रोश के बीच भारत सरकार ने देश के एक क्लिक करें पूर्व मुख्य न्याधीश जस्टिस जेएस वर्मा की अध्यक्षता में एक आयोग का गठन किया था.

इस घटना के बाद गुस्साए आम लोगों ने मांग की थी कि बलात्कार करने पर अपराधियों को क्लिक करें मौत की सज़ा सुनाई जाई . लोगों की यह भी मांग थी कि अगर इस घटना में शामिल छटवां आरोपी किशोर भी साबित हो तब भी उस पर वयस्कों की तरह ही अदालत में मुकदमा चलाया जाए.

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