हत्या के मुकदमे के बाद राजा भैया का इस्तीफा

उत्तरप्रदेश में खाद्य मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया पर एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी की हत्या के मामले में मुकदमा दर्ज होने के बाद उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है.

शनिवार की रात राजा भैया को उनके निर्वाचन क्षेत्र कुंडा के एक पुलिस अधिकारी ज़िया उल हक की ह्त्या के षड्यंत्र लिए अभियुक्त बनाया गया. पुलिस के मुताबिक उनके दो करीबी लोग, गुड्डू सिंह और राजीव सिंह, इसी मामले में गिरफ्तार कर लिए गए हैं.

इसके बाद राजा भैया ने सोमवार सुबह मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मिले और त्यागपत्र दे दिया.

समाजवादी पार्टी अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने पत्रकारों को बताया कि इस्तीफे को स्वीकार कर लिया गया है.

इस बीच इस घटना को लेकर विपक्षी दलों ने अखिलेश सरकार की तीखी आलोचना की है. बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने कहा है, "जिस प्रदेश में पुलिस ही सुरक्षित नहीं है उसमें आम आदमी कैसे सुरक्षित महसूस करेगा."

हत्या का आरोप

एक पुलिस अधिकारी के अनुसार यह मुकदमा मृत पुलिस अधिकारी जिया उल हक की पत्नी परवीन आजाद की ओर से थाना हथिगवां में लिखाया गया है.

हक कुंडा में पुलिस उप अधीक्षक पद पर तैनात थे. मुकदमे में मंत्री को षड्यंत्रकारी की भूमिका में दिखाया गया है.

परवीन आज़ाद ने रपट में कहा है,'' शनिवार की रात करीब आठ बजे ग्राम वलीपुर में दो गुटों के बीच फायरिंग की सूचना पाकर मेरे पति अपने दल बल के साथ जब घटनास्थल पर पहुंचे तो तब तक प्रधान और उनके भाई को गोली लग चुकी थी.

रपट

परवीन ने अपनी रपट में ये आरोप लगाया है,'' ये चार लोग राजा भैया के गूर्गे है और राजा भैया के कहने पर मेरे पति को जान से मारने की नीयत से वहां पहुंचे थे.

रपट में आगे लिखा है कि जब पुलिस अधिकारी ज़िया उल हक वहां पहुचें तो गुलशन यादव , हरी ओम , रोहित सिंह और गुड्डू सिंह आदि ने उन्हें पकड़ लिया और कहा कि तुम्हे ज़िंदा नही जाने देंगे.

इसके बाद उन्हें पहले लाठी , डंडा और सरिया से मारा गया. जब वह गिर गए तो उनको तमंचे से गोली मार दी

मृत पुलिस अधिकारी की पत्नी ने यह भी लिखा है कि , "जब से मेरे पति कुंडा में सीओ पद पर तैनाती के लिए आए थे, तब से ही ये सारे लोग उनको डराते धमकाते थे, जिसकी चर्चा मेरे पति अकसर मुझसे किया करते थे."

कुंडा उत्तर प्रदेश सरकार में खाद्य मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ़ राजा भैया का निर्वाचन क्षेत्र है. खाद्य मंत्री एक बेहद विवादित राजनेता हैं और उनके खिलाफ़ कई आपराधिक मामले दर्ज हैं.

टांडा में तनाव

ऐसी ही दूसरी घटना में रविवार की शाम नौ बजे फैजाबाद के नजदीक टांडा कस्बे में हिंदू युवा वाहिनी के ज़िला अध्यक्ष रामबाबू गुप्ता की गोली मार कर हत्या कर दी गई थी.

इस घटना से गुस्साई भीड़ ने तोड़फोड़ की और कई गाड़िया जला दी.

जब अलीगंज के थानाअध्यक्ष ओम प्रकाश यादव वहां पहुंचे तो भीड़ ने उनकी जीप जला दी और तोड़फोड़ की. इस घटना के बाद से टांडा में तनाव की स्थिति है.

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