विरोध के बीच संगा ने कहा चेन्नई पूरा भारत नहीं

तमिल प्रदर्शन
Image caption श्रीलंका में तमिलों के साथ कथित दुर्वय्वहार के खिलाफ तमिलनाडु में प्रदर्शन हो रहे हैं

एक तरफ कोलकाता में धूम-धड़ाके से मंगलवार को आईपीएल का छठा अध्याय शुरू हो रहा है दूसरी ओर आईपीएल में श्रीलंका के खिलाड़ियों को शामिल किए जाने को लेकर तमिलनाडु में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं.

तमिलनाडु के फिल्म कलाकारों समेत फ़िल्म इंडस्ट्री के अन्य लोग श्रीलंका में तमिलों के साथ कथित दुर्वव्यवहार की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निष्पक्ष जाँच करवाने की मांग पर एक-दिवसीय भूख हड़ताल कर रहे हैं.

‘कॉलीवुड’ की मशहूर फिल्म शख्सियत जैसे सरथ कुमार, अजीथ कुमार और सूर्या भी भूख हड़ताल में हिस्सा ले रहे हैं.

फिल्म कलाकारों के साथ फ़िल्म निर्देशक, निर्माता, वितरक और सिनेमाहॉल मालिक भी इसमें शामिल हैं.

गौरतलब है कि तमिलनाडु विधानसभा में सर्वसमम्मति से प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार से मांग की गई थी कि भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में श्रीलंका के ख़िलाफ़ एक प्रस्ताव लाए और उसे मित्र राष्ट्र बुलाना बंद करे.

तमिलनाडु की प्रमुख विपक्षी पार्टी डीएमके ने इसी मुद्दे पर केंद्र सरकार से अपने मंत्रियों को हटा लिया था.

इस गहमागहमी के बीच आईपीएल टीम सनराइज़र्स हैदराबाद के कप्तान कुमार संगकारा ने कहा है कि चेन्नई में खेले जाने वाले मैचों से श्रीलंका के खिलाड़ियों को बाहर रखे जाने से खेल की भावना प्रभावित नहीं होगी.

अत्याधिक राजनीतिक दबाव के आगे झुकते हुए आईपीएल गवर्निंग काउंसिल ने पिछले हफ्ते कहा था कि चेन्नई में खेले जाने वाले मैचों में श्रीलंका के खिलाड़ी न खेलें.

इससे पहले संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में मानवाधिकारों के हनन से जुड़े अमरीकी प्रस्ताव को मंजूर किया गया था और भारत ने भी इस प्रस्ताव के समर्थन में वोट डाला था.

खेल भावना

समाचार एजेंसी पीटीआई से बात करते हुए संगकारा ने कहा कि हालांकि मामले में राजनीति होने से खिलाड़ियों की उपस्थिति पर असर पड़ा है लेकिन वो भारत के हर हिस्से में खेलना चाहते हैं.

संगकारा ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि खेल और खेल की भावना कभी ऐसे पूर्वाग्रहों से प्रभावित हो सकती है.”

उन्होंने कहा, "भारत चेन्नई और तमिलनाडु तक सीमित नहीं है और देश के बाकी के हिस्सों में श्रीलंका के खिलाड़ियों का स्वागत हुआ है.”

उन्होंने कहा कि श्रीलंका के खिलाड़ियों का मक़सद सिर्फ़ क्रिकेट खेलना है.

हाल ही में पूर्व कप्तान अर्जुना रणातुंगे ने श्रीलंका के खिलाड़ियों से कहा था कि वो टूर्नामेंट में हिस्सा न लें.

इस पर संगकारा ने कहा कि इस पूरे मामले के कारण श्रीलंका के भीतर भी काफ़ी अलग-अलग विचार हैं और ये दो देशों के बीच का मामला नहीं है.

संगकारा ने कहा कि समस्या मात्र एक राज्य की है और वहाँ भी पूरे राज्य में एक जैसी भावना नहीं है.

उन्होंने कहा, “विदेश नीति ऐसे निर्धारित नहीं होती और अगर ये दो देशों के बीच का मामला होता तो श्रीलंका के खिलाड़ी भारत नहीं आते.”

संबंधित समाचार