मोदी के मंत्री को भ्रष्टाचार मामले में जमानत

भ्रष्टाचार मामले में तीन साल के लिए जेल भेजे गए नरेंद्र मोदी सरकार के वरिष्ठ मंत्री बाबूभाई बुखेरिया को जमानत मिल गई है. सात दिनों की इस ज़मानत के दौरान उन्हें ऊंची अदालत में अपील करना होगा.

इससे पहले बाबूभाई बुखेरिया को अवैध खनन मामले में पोरबंदर की एक अदालत ने दोषी करार दिया था और उन्हें तीन साल की क़ैद की सज़ा सुनाई थी.

जल संसाधन मंत्री के साथ कोर्ट ने तीन अन्य लोगों - पूर्व सांसद भरत ओडेदरा, भीमा दुला और लक्ष्मण दुला को भी क़ैद में भेज जाने का हुक्म दिया था.

सभी दोषियों पर सौराष्ट्र केमिकल्स लिमिटेड के अधिकार वाले क्षेत्र से चूना पत्थर के अवैध खनन का आरोप सिद्ध हुआ हैं.

रिश्तेदार भी शामिल

स्थानीय पत्रकार अजय उम्मठ ने बीबीसी से बात करते हुए बताया कि पोरबंदर के विधायक और जल संसाधन मंत्री बाबूभाई बुखेरिया पर अवैध खनन का यह मामला 2006 से चल रहा था.

बुखेरिया पर 54 करोड़ के चूना पत्थर के अवैध खनन पर आरोप था और कोर्ट ने इसे सही पाया.

फ़ैसले के बाद पुलिस ने बुखेरिया को गिरफ़्तार कर लिया है.

इस मामले में दोषी करार दिए गए अन्य लोग भी बुखेरिया के नज़दीकी रिश्तेदार बताए जाते हैं.

गुजरात सरकार इस मामले में अभी कोई प्रतिक्रिया देने से बच रही है.

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