ऐपल की पहली स्मार्टवॉच, दो नए फ़ोन लॉन्च

इमेज कॉपीरइट AP

ऐपल ने अपनी पहली स्मार्टवॉच, दो नए स्मार्टफ़ोन, आईफ़ोन 6 और आईफ़ोन 6 प्लस लॉन्च किए हैं.

'ऐपल वॉच' स्टीव जॉब्स की मौत के बाद लॉन्च किया गया पहला नए तरह का उत्पाद है.

इस स्मार्ट घड़ी में फिटनेस ट्रैकर और अन्य कई तरह के ऐप्स चलाए जा सकते हैं. इस घड़ी का डिसप्ले टचस्क्रीन है.

ऐपल वॉच के बगल में लगे डायल को घुमाने से घड़ी की स्क्रीन पर लिखावट बड़ी या छोटी की जा सकती है. इसमें ऐपल वॉयस असिस्टेंट सीरी भी उपलब्ध है, यानी आप इससे बात भी कर पाएंगे.

ऐपल वॉच की क़ीमत 349 अमरीकी डॉलर रखी गई है और कंपनी के अनुसार ये अगले साल की शुरूआत तक बाज़ारों में उपलब्ध होगी.

स्मार्ट घड़ी के बाज़ार में पहले से ही कई उत्पाद मौजूद है, लेकिन जानकारों का मानना है कि ऐपल का इतिहास देर से बाज़ार में आकर रुख बदलने का रहा है.

बड़े लेकिन पतले हुए नए आईफ़ोन

इमेज कॉपीरइट Getty

वहीं नए आईफ़ोन लॉन्च करते हुए कंपनी से सीइओ टिम कुक ने कहा, “अब तक का सबसे उन्नत आईफ़ोन पेश करने में आज हमें बहुत खुशी हो रही है.”

दोनों ही फ़ोन अब तक के आईफ़ोन्स से आकार में बड़े लेकिन पतले हैं. आईफ़ोन 6 का स्क्रीन साइज़ 4.7 इंच है, वहीं आईफ़ोन 6 प्लस 5.5 इंच का है.

जानकारों का दावा है कि बड़ी स्क्रीन गेमर्स और मल्टिमीडिया यूज़र्स को रिझाएगा, जिसे खासतौर पर यूज़र्स को एंड्रॉएड की तरफ जाने से रोकने के लिए किया गया है.

दोनों फोन्स में हाई-स्क्रीन रेज़ोल्यूशन के लिए “रेटिना एचडी” तकनीक का इस्तेमाल किया गया है.

कंपनी के अनुसार नए आईफोन्स 19 सितंबर से अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में मिलने लगेंगी. अमरीका में ये कॉन्ट्रैक्ट पर 199 डॉलर से 499 डॉलर तक की क़ीमत पर मिलेंगे.

कैश की जगह 'ऐपल पे' से कर सकेंगे भुगतान

इमेज कॉपीरइट AP

ऐपल ने एक नए तरह का पेमेंट गेटवे, ‘ऐपल पे’ भी लॉन्च किया है. कंपनी के सीइओ टिम कुक का कहना है कि वो दुकानों में खरीदारी के तरीके को बदलना चाहते हैं और इसके बाद लोगों को दुकानों पर बटुआ लेकर नहीं जाना पड़ेगा.

दोनों नए आईफ़ोन्स में ‘ऐपल पे’ उपलब्ध होगा. ये एनएफचसी यानी नियर फ़ील्ड कम्युनिकेशन तकनीक पर काम करता है.

कंपनी का दावा है कि ये सेवा काफ़ी सुरक्षित होगी क्योंकि इसके लिए ऐपल को आपके क्रेडिट कार्ड की जानकारी नहीं सेव करनी पड़ती. साथ ही किसी दुकानदार को भुगतान के लिए क्रेडिट कार्ड भी नहीं देना पड़ेगा.

ऐपल बनाम एंड्रॉएड

इमेज कॉपीरइट Reuters

रिसर्च कंपनी आईडीसी के अनुसार ऐपल की अंतरराष्ट्रीय बिक्री 13 प्रतिशत से गिरकर 11.7 प्रतिशत पर पहुंच गई है.

इससे उलट एंड्रॉएड का बाज़ार शेयर अप्रैल से जून के बीच 79.6 प्रतिशत से बढ़कर 84.7 प्रतिशत तक पहुंच गया है.

लेनोवो और ह्वावे जैसी कंपनियों को इससे सबसे ज्यादा फ़ायदा हुआ है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

संबंधित समाचार