बिहारः 'नवरुणा का ही था कंकाल'

नवरुणा के माता-पिता इमेज कॉपीरइट Satish Kumar

बिहार के चर्चित नवरुणा अपहरण मामले में आज सीबीआई ने डीएनए टेस्ट के आधार पर नवरुणा की हत्या की पुष्टि कर दी है.

नवरुणा के अपहरण का मामला दर्ज होने के लगभग दो महीने बाद स्थानीय पुलिस ने उनके घर के पास से ही एक कंकाल बरामद किया था.

डीएनए टेस्ट में उस कंकाल और नवरुणा के माता-पिता का डीएनए एक ही पाया गया है.

सीबीआई ने बीबीसी से इसकी पुष्टि की है.

साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि मामले की सीबीआई जांच जारी रहेगी. पुलिस ने इस मामले में जिन तीन लोगों को गिरफ्तार किया था वे सभी अभी जमानत पर हैं.

‘जांच से संतुष्ट’

Image caption नवरुणा के ग़ायब होने के लगभग दो महीने बाद घर के क़रीब ही कंकाल मिला था.

नवरुणा के पिता अतुल्य चक्रवर्ती ने बीबीसी को फ़ोन पर बताया कि आज दोपहर तीन बजे जांच अधिकारी आरबी पांडेय के नेतृत्व में सीबीआई के एक दल ने उनके घर आकर मुलाक़ात की.

मुलाकात के दौरान उन्होंने वह रिपोर्ट दिखाई जिसमें इस बात का जिक्र है कंकाल की दो हड्डियों और नवरुणा के माता-पिता का डीएनए एक ही है.

अतुल्य ने यह भी बताया कि उन्हें आज रिपोर्ट की कॉपी नहीं सौंपी गई.

हालांकि उन्होंने कहा कि वे सीबीआई की अब तक की जांच से संतुष्ट हैं और उन्होंने मांग की है कि सीबीआई जल्द-से-जल्द हत्यारों को सामने लाये.

घटनाक्रम

मुजफ्फरपुर के रहने वाले अतुल्य और मोइत्री चक्रवर्ती की बेटी नवरुणा 2012 में 18 सितंबर की आधी रात अपने घर से ग़ायब हो गई थी. अतुल्य चक्रवर्ती ने इसके बाद नवरुणा के अपहरण का मामला दर्ज कराया था.

पहले मुजफ्फरपुर पुलिस ने इस मामले की जांच की थी. उसके बाद मामला बिहार पुलिस की अपराध अनुसंधान शाखा (सीआईडी) को सौंपा गया.

Image caption नवरुणा की बरामदगी को लेकर बिहार में प्रदर्शन भी हुए थे.

सीआईडी जांच से असंतुष्ट होकर तब नवरुणा के परिजनों ने सीबीआई जांच के लिये राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, गृह मंत्रालय, प्रधानमंत्री कार्यालय और फिर सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था.

सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद इस साल फरवरी में सीबीआई ने मामले की जांच शुरु की थी. और 25 मार्च को नवरुणा के माता-पिता ने डीएनए टेस्ट के लिये खून का नमूना दिया था.

हालांकि नर-कंकाल मिलने के बाद भी स्थानीय पुलिस ने भी तब डीएनए टेस्ट की बात कही थी, लेकिन तब नवरुणा के माता-पिता इसके लिए तैयार नहीं हुए थे.

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