सीबीआई के सामने फिर हाज़िर हुए रावत

हरीश रावत इमेज कॉपीरइट PTI

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत की दिल्ली में सीबीआई मुख्यालय में मंगलवार को दूसरी पेशी हुई.

सूत्रों के मुताबिक सीबीआई फिलहाल रावत के जवाबों से संतुष्ट नहीं है.

मुख्यमंत्री रावत के ख़िलाफ़ 26 मार्च को एक वीडियो स्टिंग ऑपरेशन हुआ था जिसमें वो कथित रूप से सरकार बचाने के लिए विधायकों की ख़रीदफरोख़्त को लेकर बात करते दिखाए गए थे.

इस सीडी के सार्वजनिक होने के बाद शुरुआत में रावत ऐसी मुलाक़ात से इंकार करते रहे, लेकिन बाद में उन्होंने ये कहना शुरू कर दिया था कि उन्होंने एक पत्रकार से मुलाक़ात की थी और मुलाक़ात करना कोई गुनाह नहीं है. लेकिन स्टिंग के कंटेंट को उन्होंने फर्जी और साज़िश क़रार दिया था.

मुख्यमंत्री रावत का कहना है कि उन्हें परेशान किया जा रहा है.

मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार और प्रवक्ता सुरेंद्र कुमार ने केंद्र सरकार पर तंज़ कसते हुए कहा, “तुलसीदास जी जैसे सांप को रस्सी समझकर पत्नी से मिलने जा पहुंचते थे, ऐसा ही प्रेम मोदी जी और अमित शाह जी सीबीआई को रस्सी बनाकर जता रहे हैं. इसीलिए सीबीआई का देहरादून में कार्यालय होते हुए भी उन्हें बग़ल में बैठाकर सीबीआई से पूछताछ करवा रहे हैं. तभी छोटे से राज्य के छोटे से मुख्यमंत्री को बार बार सीबीआई का बुलावा आता है.”

इमेज कॉपीरइट SHIV JOSHI

सुरेंद्र कुमार ने कहा, “मोदी और शाह के इस प्रेम का लाभ राज्य और राज्य की जनता को भी मिलना चाहिए. मोदी को राज्य विधानसभा से पास बजट को अपनी क़ैद से मुक्त कर लंबित परियोजनाओं और अतिरिक्त सहायता राज्य के लिए स्वीकार करनी चाहिए.”

इस प्रकरण में नैनीताल हाईकोर्ट ने यूं मुख्यमंत्री रावत को पहले ही एक बड़ी राहत दे दी है. कोर्ट ने रावत की गिरफ्तारी पर रोक लगा रखी है, लेकिन मुख्यमंत्री को निर्देश दिया है कि वो सीबीआई पूछताछ में सहयोग करें.

सीबीआई ने मुख्यमंत्री को तीन बार पूछताछ के लिए बुलाया, लेकिन वह एक बार ही पूछताछ के लिए गए थे. पहली दो मुलाकातें उन्होंने स्वास्थ्य और फ्लोर टेस्ट के हवाले देकर टाल दी थी. पहली पूछताछ में सीबीआई ने पांच घंटे तक सीएम से सवाल जवाब किए थे.

बीजेपी का कहना है कि आखिर मुख्यमंत्री हरीश रावत को सीबीआई से किस बात का डर है जो वो उसके पास पूछताछ के लिए जाने से कतराते हैं.

बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट का आरोप है, “विधायकों की बड़ी ख़रीदफरोख़्त से ही ये कांग्रेस ने अपनी सरकार बचाई है.”

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

संबंधित समाचार