सैलून में बाल धुलवाना क़ितना ख़तरनाक?

इमेज कॉपीरइट Thinkstock

क्या सैलून में बाल धुलवाना स्ट्रोक की वजह बन सकता है?

ब्रिटेन के एक सैलून में हेयर वॉश के बाद स्ट्रोक का शिकार हुए एक व्यक्ति को सैलून ने समझौते के तहत 90 हज़ार पाउंड चुकाए.

डॉक्टरों का कहना है कि ये 'ब्यूटी पार्लर सिंड्रोम' का मामला हो सकता है.

ऐसी स्थिति तब पैदा होती है जबकि गर्दन को ज़रुरत से ज्यादा खींचा जाता है. इससे धमनियों को नुक़सान हो सकता है. इस वजह से ख़ून का थक्का जम सकता है और ये स्ट्रोक की वजह बन सकता है.

45 साल के डेव टायलर ने डेली मेल को जानकारी दी कि ब्राइटन में एक सैलून से लौटने के दो दिन बाद उन्हें सिरदर्द रहने लगा और वो एक बिज़नेस मीटिंग के दौरान गश खाकर गिर पड़े.

उन्हें लगा कि उनका जिस्म सुन्न पड़ गया है.

यहां 'सैनिक' काटते हैं बाल

जिनके आगे सिर झुकाते हैं राष्ट्रपति

उन्हें तीन महीने तक अस्पताल में रहना पड़ा. उन्होंने छड़ी के सहारे चलना सीखा. वो अब तक ड्राइव नहीं कर पाते हैं और कई बार दर्द महसूस करते हैं.

इस मामले में सैलून के साथ उनका कोर्ट के बाहर समझौता हुआ और फरवरी में सैलून ने उन्हें 90 हज़ार पाउंड दिए.

इमेज कॉपीरइट Science Photo Library

स्ट्रोक एसोसिएशन की एलेक्सिस वायरोनी कहती हैं कि अगर गर्दन से दिमाग़ की ओर जाने वाली धमनी को नुक़सान होता है तो खून के थक्के जम सकते हैं और ये स्ट्रोक की वजह बन सकती है.

वो कहती हैं, "इसकी संभावना बहुत कम है कि कुर्सी पर बैठकर बाल धोने के लिए गर्दन झुकाने से इस तरह की दिक्क़त हो लेकिन बाल धोने और स्ट्रोक के बीच कोई स्पष्ट संबंध नहीं जाहिर नहीं हो सका है."

सॉफ्टवेयर इंडस्ट्री से बेहतर कमाई हेयर ड्रेसिंग में?

यूनिवर्सिटी ऑफ मेनचेस्टर में स्ट्रोक मेडिसिन की प्रोफ़ेसर पिपा टायरेल कहती हैं कि गर्दन में इस तरह की चोट आमतौर पर सड़क हादसों, स्कीइंग, डाइविंग या फिर बंजी जंपिंग के दौरान लगती है.

वो कहती हैं कि गर्दन में दिक्क़त की वजह से स्ट्रोक किसी भी उम्र में आ सकता है. अगर कोई सिरदर्द और गर्दन में एक तरफ़ दर्द से परेशान है तो उसे डॉक्टरों की सलाह लेनी चाहिए.

इमेज कॉपीरइट Reuters

साल 1997 में मेडिकल जर्नल 'लैंसेट' ने एक रिपोर्ट प्रकाशित की थी जिसमें जानकारी दी गई थी कि 42 साल की एक महिला को बाल धोने के बाद स्ट्रोक आया.

इस मामले में डॉक्टरों ने हेयर ड्रेसरों को सलाह दी कि गर्दन को ज्यादा झुकाने से बचाने के लिए वो कुशन का इस्तेमाल करें.

साल 2000 में हुए एक अध्ययन के आधार पर अमरीकी डॉक्टरों ने सलाह दी कि जिन लोगों को दर्द या चक्कर आने की शिकायत रहती है, उन्हें सैलून के सिंक में बाल धुलवाते वक्त सावधान रहना चाहिए.

इसी साल कैलिफोर्निया में 48 साल की एक महिला ने हल्का स्ट्रोक आने के बाद उस सैलून पर केस किया, जहां उसने अपने बाल धुलवाए थे.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)