अब 'रद्द-उल-फ़साद' करेगी पाकिस्तानी सेना

इमेज कॉपीरइट ISPR

पाकिस्तानी सेना का कहना है कि वो देश से चरमपंथियों को ख़त्म करने के लिए रद्द-उल-फ़साद नाम का नया अभियान शुरू कर रही है.

पाकिस्तानी सेना ने उत्तरी वज़ीरिस्तान में ऑपरेशन ज़र्ब-ए-अज़्ब चलाया था. ये अभियान जून 2015 में किया गया था.

इससे पहले भी पाकिस्तानी सेना देश के क़बायली इलाक़ों और स्वात घाटी क्षेत्र में सैन्य अभियान चला चुकी है.

पढ़ें- 'पाकिस्तान ने मारे 100 से ज़्यादा चरमपंथी'

पाकिस्तान में दरगाह पर आईएस का हमला

पाकिस्तान सेना के जनसंपर्क विभाग की ओर से जारी बयान के मुताबिक ऑपरेशन रद्द-उल-फ़साद का मक़सद देश के बाक़ी हिस्सों में बचे हुए चरमपंथियों का ख़ात्मा करना है.

बयान में ये भी कहा गया है कि इस ऑपरेशन से देश की सीमाएं भी सुरक्षित होंगी.

इमेज कॉपीरइट Getty Images
Image caption गुरुवार को सेहवन में मशहूर दरगाह पर आत्मघाती हमले में कम से कम 80 लोगों की मौत हो गई थी

इस ऑपरेशन के ऐलान से पहले पाकिस्तानी सेना प्रमुख जनरल क़मर जावेद बाजवा के नेतृत्व में लाहौर में सुरक्षा को लेकर बैठक हुई है.

पाकिस्तानी सेना के इस अभियान में पंजाब के पुलिस रेंजर भी शामिल होंगे.

गौरतलब है कि पाकिस्तान के मंत्रिमंडल ने सैन्य अभियान की शुरुआत के ऐलान से कुछ ही देर पहले पंजाब में रेंजरों को विकल्प देने की स्वीकृति थी.

इमेज कॉपीरइट EPA

आईएसपीआर के बयान के मुताबिक़ इस अभियान का मक़सद देश में हिंसा ख़त्म करना और गोलाबारूद पर नियंत्रण करना भी है.

सेना का कहना है कि ऑपरेशन रद्द-उल-फ़साद का मक़सद नेशनल एक्शन प्लान को लागू करना भी है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)