समलैंगिक शादी की सुविधाओं पर सवाल

इमेज कॉपीरइट AP

अमरीका में टेक्सस की सर्वोच्च अदालत में एक मामले की सुनवाई चल रही है जिसमें रूढ़िवादियों को उम्मीद है कि देश में वैध समलैंगिक विवाह की मान्यता ख़त्म होने का रास्ता साफ़ हो सकता है.

अपीलकर्ताओं ने ह्यूस्टन शहर के कर्मचारियों में शामिल समलैंगिक जोड़ों की सुविधाएं बढ़ाएं जाने के फ़ैसले को चुनौती दी है.

ह्यूस्टन के अधिकारियों का कहना है कि अमरीकी सुप्रीम कोर्ट 2015 के फ़ैसले के अनुसार समलैंगिक शादी देशभर में एक क़ानूनी अधिकार है और इसके मुताबिक उन्हें ये सुविधाएं देनी होंगी.

अमरीका में समलैंगिक शादी पर ऐतिहासिक फ़ैसला

आयरलैंड में 'समलैंगिक शादी को हां'

क़ानून को चुनौती देने वाले इस मामले की सुनवाई के लिए कोर्ट पहले तैयार नहीं थी.

लेकिन गवर्नर ग्रेग एबॉट समेत राज्य के रिपब्लिक सांसदों के दवाब के चलते कोर्ट ने जनवरी में उस फ़ैसले को पलट दिया और सुनवाई शुरू करने की इजाज़त दी.

कोर्ट को मिलने वाले कई सुझावों में सांसदों ने कोर्ट से कहा कि वह "यौन क्रांति की विचारधारा" को ख़ारिज करे जिसे संघीय जजों ने पारित कर क़ानून बना दिया.

इमेज कॉपीरइट AFP

रूढ़िवादी वकीलों का कहना है कि वाशिंगटन में अमरीकी सुप्रीम कोर्ट के 2015 में दिए गए फ़ैसले में ऐसे शब्द नहीं कहे गए हैं कि ख़ासतौर से समलैंगिक जोड़ों को सुविधाएं दी जाएं.

प्रधानमंत्री की समलैंगिक शादी

ह्यूस्टन नीति को चुनौती देने वाली वकीलों ने अदालत में एक याचिका दाखिल कर कहा, " फ़ैसले के मुताबिक एक ही लिंग के शादीशुदा जोड़ों को मान्यता दी जा सकती है, लेकिन ये ज़रूरी नहीं कि राज्य कर दाताओं के पैसे को समलैंगिक जोड़ों को सुविधाएं देने में इस्तेमाल करे."

ह्यूस्टन के अधिकारियों का कहना है कि सुविधाएं देने के अलावा उनके पास कोई विकल्प नहीं है, क्योंकि क़ानून समलैंगिक शादीशुदा जोड़ों को भी वही अधिकार देता है जो हेट्रोसेक्सुअल ( बहुलैंगिक ) शादीशुदा जोड़ों के हैं.

अब इस मामले पर बुधवार को बहस शुरू हुई है. जून के आख़िर तक कोर्ट का फ़ैसला आने की उम्मीद है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)