पोप फ्रांसिस ने उत्तर कोरिया संकट के लिए मध्यस्थता की अपील की

इमेज कॉपीरइट EPA

परमाणु परीक्षणों को लेकर उत्तर कोरिया और अमरीका के बीच बढ़ते तनाव को कम करने के लिए ईसाई धर्मगुरु पोप फ्रांसिस ने अतंरराष्ट्रीय मध्यस्थता की अपील की है.

पोप ने सुझाव देते हुए उदाहरण के तौर पर नॉर्वे का नाम लिया जो हमेशा से मदद के लिए तैयार था.

उन्होंने चेतावनी दी कि इस संकट के चलते विनाशकारी युद्ध का ख़तरा है जिसमें 'मानवता की अच्छाई वाला हिस्सा' नष्ट हो जाएगा.

उनका ये बयान उत्तर कोरिया के एक और बैलेस्टिक मिसाइल परीक्षण के बाद आया है. अमरीका और दक्षिण कोरिया का कहना है कि ये परीक्षण असफल रहा.

दक्षिण कोरिया ने कहा कि दक्षिणी प्योंगन प्रांत में एक जगह से इस मिसाइल को छोड़ा गया था.

उत्तर कोरिया का मिसाइल परीक्षण रहा 'नाकाम'

उत्तर कोरिया का टेस्ट, चीन का अपमान: डोनल्ड ट्रंप

इमेज कॉपीरइट EPA

मिस्र की यात्रा के बाद अपने विमान में पोप ने पत्रकारों से कहा "दुनिया में कई देश हैं जो मदद करते हैं, कई हैं जिन्होंने मध्यस्थता की पेशकश की है, उदाहरण के लिए जैसे नॉर्वे है."

उन्होंने चेतावनी दी कि हालात काफ़ी गरमा गए हैं, "इसका कूटनीतिक समाधान बातचीत का रास्ता है."

इमेज कॉपीरइट KCNA/URIMINZOKKIRI

अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने उत्तर कोरिया पर आरोप लगाया है कि उसने चीन और उसके राष्ट्रपति का अनादर किया है.

उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रम को लेकर अमरीका का कड़ा रुख रहा है और कुछ दिन पहले ट्रंप ने इस समस्या से अकेले निपटने की बात कही थी.

दोनों देशों के बीच तनाव तब और बढ़ गया था जब ये ख़बर आई कि अमरीका ने अपने सैन्य युद्धपोतों को कोरियाई प्रायद्वीप की ओर रवाना कर दिया है.

इमेज कॉपीरइट Getty Images

ट्रंप ने हाल ही में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाक़ात की थी और उत्तर कोरिया को लेकर काफी कोशिश करने के लिए उनकी तारीफ़ की थी.

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में उत्तर कोरिया के मिसाइल कार्यक्रम पर चर्चा के कुछ घंटे बाद ही उत्तर कोरिया ने परमाणु परीक्षण किया था.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)

मिलते-जुलते मुद्दे