'सैंडी' तूफान को गंभीरता से लें लोग - ओबामा

सैंडी

कैरिबियाई क्षेत्र में भारी तबाही मचाने के बाद चक्रवाती तूफ़ान सैंडी सैकड़ों मील की रफ़्तार से अमरीका के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र की ओर बढ़ रहा है.

अमरीकी मौसम विज्ञानियों ने चेतावनी दी है कि तूफ़ान सैंडी अमरीका पहुँचते-पहुँचते बहुत ताक़तवर हो सकता है और इससे काफ़ी नुक़सान की आशंका है.

वहीं राष्ट्रपति बराक ओबामा ने अमरीकियों को आगाह किया है कि वे सैंडी तूफ़ान को गंभीरता से लें. इसके बाद अधिकारियों ने पूर्वी तट पर तूफ़ान से निपटने की तैयारियाँ शुरू कर दी हैं और लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जाया जा रहा है.

तस्वीरों में: तूफ़ान की दस्तक

कई राज्यों में आपात स्थिति की घोषणा की गई है. मेट्रो रेल, बसें और हवाई यातायात पहले ही बंद कर दिया गया है. स्कूलों और स्टॉक एक्सचेंज को भी ऐहतियातन बंद करने की घोषणा की गई है.

तूफ़ान की वजह से 12 राज्यों में लाखों लोगों के प्रभावित होने की आशंका जताई गई है.

कुछ राजनीतिक रैलियाँ रद्द कर दी गई हैं

आने वाले तूफ़ान की वजह से अंतरराष्ट्रीय यातायात भी प्रभावित हुआ है. एयर फ़्रांस, ब्रिटिश एयरवेज़ और वर्जिन एटलांटिक एयरलाइनों ने पूर्वी तटीय शहरों न्यूयॉर्क, बाल्टिमोर, नेवार्क, वॉशिंगटन, बोस्टन और फ़िलाडेल्फ़िया से अपनी सभी उड़ाने रद्द कर दी हैं. कुल मिलाकर 500 उड़ानों पर इसका असर पड़ा है.

तूफान को देखते हुए न्यूयॉर्क के बंदरगाह को भी बंद कर दिया गया है.

आपात स्थिति

Image caption तूफ़ान ने पहले कैरिबियाई क्षेत्र में भारी तबाही मचाई थी.

न्यूयॉर्क शहर में कम से कम 3,75,00 नागरिकों को निचले इलाकों से हटाकर दूसरे स्थानों पर पहुंचाया गया है.

लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए जाने के आदेश मेयर माइकल ब्लूमबर्ग ने जारी किए थे.

डेलावेयर ने तटीय क्षेत्रों से 50,000 लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया है.

न्यूजर्सी प्रशासन ने लोगों से कहा है कि वो ज़रूरत के सामान जमा कर लें क्योंकि हो सकता है कि लोगों को कई दिनों तक घरों के भीतर रहना पड़े.

अमरीका के पूर्वी तट पर स्थित कई राज्यों ने आपातकाल की घोषणा कर दी है.

जनजीवन पर भारी असर

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि ये चक्रवाती तूफ़ान ऐतिहासिक साबित होगा.

वैज्ञानिकों के मुताबिक, न्यूयॉर्क में भारी सैलाब आ सकता है, जबकि ओहायो में जबर्दस्त बर्फ़बारी हो सकती है. इसका असर बिजली आपूर्ति पर हो सकता है.

तूफ़ान की आशंका का असर देश में छह नवंबर को होने वाले राष्ट्रपति चुनावों पर भी पड़ा है.

राष्ट्रपति पद के दोनों प्रमुख उम्मीदवारों ने चुनावी प्रचार कार्यक्रमों में तब्दीली की है.

राष्ट्रपति बराक ओबामा ने आपातकाल से जुड़े विभागों के प्रमुखों के साथ बैठक की है जिसमें तूफ़ान से निपटने की तैयारियों पर चर्चा की गई.

रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार मिट रोमनी ने खराब मौसम की वजह से वर्जीनिया राज्य में प्रचार अभियान का एक अहम दौरा रद्द कर दिया है.

शिविर

Image caption मौसम के कारण दोनों उम्मीदवारों ने कई प्रचार अभियान रद्द किए.

कहा जा रहा है कि 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार के साथ पूर्वी तट की ओर बढ़ रहा ये तूफ़ान 'जनजीवन को तहस-नहस' करने वाला साबित हो सकता है और इससे मध्य अटलांटिक तट के क्षेत्रों में भी सैलाब आ सकता है.

सरकारी चेतावनी में लोगों से कहा गया है कि वो घरों से बाहर न निकलें.

न्यूयॉर्क में प्रशासन ने स्कूलों में 76 सरकारी शिविरों की व्यवस्था की है और लोगों को वहां पहुंचाया जा रहा है.

आपातकाल विभाग के प्रमुख क्रेग फ़ुगाटे ने कहा है कि विचार-विमर्श और तैयारियों का वक्त ख़त्म हो चुका है.

सप्ताह के भीतर तूफ़ान सैंडी ने कैरीबियाई क्षेत्र में भारी तबाही मचाई और क्षेत्र के कई मुल्कों में कम से कम 60 लोग इसकी चपेट में आ गए हैं.

संबंधित समाचार