केले पर बीस साल बाद हुई सुलह

केला
Image caption शुल्क लगाकर यूरोप अपने पूराने उपनिवेशों के किसानों की मदद करने का दावा कर रहा था.

केले पर यूरोपीय संघ और 10 लातिनी अमरीका देशों के बीच पिछले लगभग दो दशक से जारी एक अंतरराष्ट्रीय व्यापार विवाद का निपटारा हो गया है.

यूरोपीय संघ और लातिनी देशों ने इस बाबत एक समझौते पर हस्ताक्षर किया है.

समझौते के बाद केले के व्यापार को लेकर विश्व व्यापार संघ में दोनों पक्षों के बीच चल रहे आठ मामले समाप्त हो गए हैं.

विश्व व्यापार संघ के प्रमुख पास्कल लैमी ने इसे एक एतेहासिक क्षण क़रार दिया है.

दोनों पक्षों के बीच समझौते की शुरूआत यूरोपीय संघ के उस प्रस्ताव के बाद हुई जिसमें वो लातिन अमरीकी मुल्कों में उगाए गए केलों पर टैक्स की दरें कम करने पर राज़ी हो गया था.

उतार-चढ़ाव

संघ ने इस मामले पर अपनी रज़ामंदी साल 2009 में दी थी. इस मामले पर औपचारिक समझौते पर हाल में ही हस्ताक्षर हुए हैं.

पास्कल लैमी ने कहा कि लंबे उतार चढ़ाव के बाद राजनीतिक तौर पर संवेदनशील मामले का निपटारा हो गया है.

दिसंबर 2009 में तय हुए समझौते के तहत यूरोपीय संघ को अगले आठ सालों में लातिनी अमरीका से आयात होने वाले केलों पर टैक्स की दरों में 62 यूरो की कमी करनी थी.

साल 2009 में एक टन केले पर 176 यूरो शुल्क लगाया जाता था.

संबंधित समाचार