रॉकेट लॉन्च की सफलता में डूबा उत्तर कोरिया

 शुक्रवार, 14 दिसंबर, 2012 को 19:54 IST तक के समाचार
किम जोंग

रॉकेट कंट्रोल रुम में उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन

उत्तर कोरिया की राजधानी प्योंगयांग में हज़ारों की संख्या में जमा हुए लोग बुधवार को हुए रॉकेट लॉन्च की सफलता का जश्न मना रहे हैं.

ये लोग यहां आयोजित होने वाली एक रैली में हिस्सा लेंगे.

उत्तरकोरिया के राष्ट्रीय टेलीविज़न में हज़ारों की संख्या में इन लोगों को वहां की सड़कों पर खुशी मनाते हुए दिखाया गया है.

उत्तर कोरिया द्वारा किए गए रॉकेट परीक्षण को ज्य़ादातर देश मिसाइल तकनीक का प्रतिबंधित परीक्षण मान रहे हैं.

इस बीच दक्षिण कोरिया ने कहा है कि उसने रॉकेट परीक्षण के दौरान वहां फैले मलबे के कुछ हिस्से प्राप्त किए हैं, जिसकी जांच कर वो इस रॉकेट परीक्षण की तकनीक के बारे में पता लगाने की कोशिश करेगा.

पहले चरण के परीक्षण के दौरान इस्तेमाल किया गया रॉकेट कोरियाई प्रायद्वीप के पश्चिम में गिरा था, जो उत्तर कोरिया के हाथ लग गया.

अंतरिक्ष में उपग्रह स्थापित करने के उद्देश्य से उत्तर कोरिया द्वारा तीन चरणों के रॉकेट लॉन्च द्वारा किया गया ये पहला सफल परीक्षण था.

उत्तर कोरिया ने बाद में कहा कि वो आगे भी ऐसे परीक्षण करता रहेगा.

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने उत्तर कोरिया द्वारा किए गए इन रॉकेट लॉन्च की निंदा की है. संयक्त राष्ट्र के अनुसार ये परीक्षण संयुक्त राष्ट्र के उन दो प्रस्तावों के विरुद्ध है जो उत्तर कोरिया को ऐसे किसी भी रॉकेट लॉन्च की इजाज़त नहीं देती है.

संयुक्त राष्ट्र द्वारा उत्तर कोरिया पर ये प्रतिबंध उसके द्वारा साल 2006-2009 में किए गए परमाणु परीक्षण के बाद लगाया गया था.

अमरीका, दक्षिण कोरिया और जापान जैसे देशों को ऐसा अंदेशा है कि उत्तर कोरिया लंबी दूरी की मिसाईल तैयार करने की दिशा में प्रयासरत है.

उन्हें लगता है कि तैयार होने के बाद इन मिसाईलों के ज़रिए उत्तर कोरिया एक परमाणु शक्ति बन सकता है जो कभी भी परमाणु हथियारों का लड़ाई में इस्तेमाल कर सकता है.

"ये रॉकेट लॉन्च देश-विदेश में उत्तर कोरिया के उस दृड़ निश्चय को दोबारा स्थापित करता है जिसके मुताबिक उत्तर कोरिया को शांतिपूर्ण मकसद के लिए अंतरिक्ष के इस्तेमाल का पूरा वैधानिक अधिकार है"

किम जोंग उन, नेता, उत्तर कोरिया

इसलिए ये देश उत्तर कोरिया के खिलाफ़ लगे प्रतिबंधों को और सख्त़ करना चाहते हैं.

लेकिन उत्तरकोरिया के मित्र देश चीन के अनुसार, ''सयुंक्त राष्ट्र का कोई भी कदम शांति के मार्ग में बाधक नहीं होना चाहिए, और किसी भी तरह से इससे तनाव को बढ़ावा नहीं मिलना चाहिए.''

दृढ़ निश्चय

उत्तर कोरिया की राजधानी प्योंगयांग में राष्ट्रीय टेलीविज़न के प्रसारणों में देश के बड़े अधिकारी और नेता बारी-बारी से इस रॉकेट लॉन्च की सफलता का गुणगान कर रहे हैं.

उत्तर कोरिया के राष्ट्रीय टेलीविज़न में देश के नेता किम जोंग-उन को रॉकेट कंट्रोल रुम में दिखाया गया है.

उत्तर कोरिया का रॉकेट लॉन्च बुधवार सुबह उत्तर कोरिया के समुद्र तट से किया गया था. दक्षिण कोरिया के अनुसार उन्हें रॉकेट लॉन्च करने वाली जगह से ईंधन का एक खाली डिब्बा मिला था.

दक्षिण कोरियाई समाचार एजंसी योनहाप ने रक्षा मंत्रालय के एक अधिकारी के हवाले से लिखा है, ''समुद्र में बचाव कार्य करने वाली नौसेना की 'डीप सबमर्जेंस रेस्क्यू वेहिकल' गाड़ी ने पहले चरण के रॉकेट लॉन्च के दौरान वहां बचे मलबे को ढूंढ निकाला है. जिसे वो अब प्योंगटेक के सेकेंड कमांड फ्लीट तक पहुंचाने का काम करेगा.''

एक अन्य सरकारी प्रवक्ता के अनुसार, ये मलबा जांच के काम में काफी मदद करेगा.

जहाज़

रॉकेट लॉन्च के पहले चरण का मलबा दक्षिण कोरिया के समुद्र तट की तरफ गिरा था

शुक्रवार को ही उत्तर कोरिया की समाचार एजेंसी केसीएनए द्वारा जारी किए गए एक वक्तव्य के अनुसार उनके नेता किम-जोंग- उन ने ऐसे और परीक्षण करने पर ज़ोर दिया है.

केसीएनए में छपे किम जोंग उन के वक्तव्य के अनुसार, ''ये रॉकेट लॉन्च देश-विदेश में उत्तर कोरिया के उस दृड़ निश्चय को दोबारा स्थापित करता है जिसके मुताबिक उत्तर कोरिया को शांतिपूर्ण मकसद के लिए अंतरिक्ष के इस्तेमाल का पूरा वैधानिक अधिकार है.''

इस बीच अमरीका ने कहा है कि वो इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देने से पहले अन्य सहयोगी देशों से बातचीत कर रहा है.

अमरीकी प्रवक्ता विक्टोरिया नूलैंड ने कहा है, ''हम इस मुद्दे पर अपने अन्य छह सहयोगियों और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सहयोगियों से बातचीत कर रहे हैं. चीन दोनों ही स्तरों पर इस विचार-विमर्श का हिस्सा है और हम इस वार्ता में साफतौर पर ये फैसला लेने वाले हैं कि उत्तर कोरिया के इस कदम पर कैसी प्रतिक्रिया दें.''

इसे भी पढ़ें

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.