चिमनी का सफेद धुंआ बताएगा नया पोप कौन

  • 10 मार्च 2013
Image caption इस चिमनी से सफेद धुंआ निकलने का मतलब है कि नए पोप का चुनाव हो गया है

नए पोप के चुनाव की जानकारी देने के लिए वेटिकन सिटी के सिस्टिन चैपल की छत पर चिमनी लगा दी गई है.

इसी चिमनी से सफेद धुंआ निकलेगा जो लोगों को ये जानकारी देगा कि नए पोप का चुनाव हो गया है.

रोमन कैथोलिक कार्डिनल्स नए पोप को चुनने की प्रक्रिया 12 मार्च को शुरु करेंगे.

पोप बेनेडिक्ट 16 वें ने लगभग आठ साल के बाद पिछले महीने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. पिछले छह सौ सालों में वो ऐसे पहले पोप हैं जिन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया है.

85 वर्षीय पोप बेनेडिक्ट 16वें ने इस्तीफे की वजह अपनी गिरती सेहत बताई थी.

काला और सफेद धुंआ

Image caption भित्ति चित्रों से सुसज्जित छत के नीचे कार्डिनल्स बैठेंगे

वेटिकन प्रेस कार्यालय का कहना है कि नए पोप को चुनने की प्रक्रिया के तहत पहला मतदान मंगलवार दोपहर एक बजे के आस पास होगा.

इस पहले मतदान के बाद शाम को चिमनी से निकलने वाला धुंआ संभवत: काला ही होगा. इसका मतलब ये होगा कि नए पोप का चयन अभी तक नही हुआ है.

इसका मतलब ये कि 115 कार्डिनलों के बीच विचार विमर्श जारी है और किसी एक नाम पर सर्वसम्मति नही बन पाई है.

बुधवार से हर सुबह और दोपहर दो बार मतदान होंगे और हर सत्र के बाद मतपत्र को जला दिया जाएगा. ये प्रक्रिया तब तक जारी रहेगी जब तक किसी एक उम्मीदवार को दो तिहाई मत यानी 77 वोट नही मिल जाते.

इसके बाद चिमनी से निकलने वाला धुंआ सफेद हो जाएगा.

सिस्टिन चैपल में इसके लिए सारी तैयारी पूरी की जा रही हैं.

Image caption 2005 में हुए पिछले चुनाव में दो दिन का समय लगा था. इस फोटो में काला धुंआ निकल रहा है.

जले मतपत्र से सफेद धुंआ निकालने करने वाले दो स्टोव को भी चैपल में लगा दिया गया है.

माइकल एंजेलो के भित्ति चित्रों से सुसज्जित छत के नीचे कार्डिनल्स के बैठने के लिए मेज और कुर्सियों की व्यवस्था की गई है.

गोपनीय प्रक्रिया

रोम से बीबीसी संवाददाता जेम्स रॉबिंस का कहना है कि प्रक्रिया की सख्त गोपनीयता के लिए विशेष तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा जो किसी भी मोबाइल फोन या किसी अन्य उपकरण के जरिए किए जाने वाले संपर्क को जाम करने में सक्षम हैं.

संवाददाताओं का कहना है अभी तक कोई एक उम्मीदवार बेनेडिक्ट 16 वें के संभावित उत्तराधिकारी के रूप नही देखा जा रहा है.

2005 में हुए पिछले चुनाव में दो दिन का समय लगा था. संवाददाताओं का कहना है कि इस बार लगता है चर्च को मिल रही चुनौतियों के चलते बैठकों की संख्या बढ़ सकती है.

सोमवार को होने वाली कार्डिनलों की बैठक की अध्यक्षता कॉलेज ऑफ कार्डिनल्स के डीन कार्डिनल एंजेलो सोडानो करेंगे.

चर्च के ‘राजकुमार’ कहे जाने वाले कार्डिनल अपनी बैठक में चर्च के सामने मौजूद चुनौतियों पर चर्चा करेंगे और उन्हीं को ध्यान में रख कर कैथोलिक चर्च के प्रमुख पद के लिए उम्मीदवारों को परखेंगे.

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