जब वो मौत के मुंह से निकल आईं...

Image caption कैरल ब्रदर्स की हालत को देखते हुए मेडिकल सपोर्ट भी हटा लिया गया था लेकिन अब वो ठीक हो रही हैं.

एक 63 वर्षीय महिला जिनके हृदय ने 45 मिनट तक धड़कना बंद कर दिया था और आशंका जताई जा रही थी कि वो शायद ही बच पाएंगी, उन्होंने मौत को मात दे दी और अब वो ठीक हो रही हैं.

ब्रिटेन में डेविज़ेस के पास ईस्टरटन की रहनेवाली कैरल ब्रदर्स पिछले महीने दिल का दौरा पड़ने के बाद अपने घर के बाहर बेहोश हो गई थीं.

पराचिकित्सकों को बहुत परिश्रम से उनके दिल की धड़कन दोबारा शुरू कराने में क़ामयाबी मिली और फिर उन्हें हेलिकॉप्टर से अस्पताल ले जाया गया.

अस्पताल में जांच के बाद डॉक्टरों ने उनके परिवार वालों से कहा कि वो बुरी ख़बर के लिए तैयार रहें और कैरल को दवाएं देना भी बंद कर दिया गया.

उनकी पुत्री मैक्सिन डिकिन्सन ने बताया कि, "डॉक्टरों ने मेरी मां को मरने के इंतज़ार में छोड़ दिया था लेकिन कई दिन बाद वो जीवन में वापस लौट आईं."

कैरल ब्रदर्स के पति डेविड ने बताया कि वो अपनी पुत्री के साथ खरीदारी कर लौट रही थीं, तभी उन्हें घर के बाहर दिल का दौरा पड़ गया और वो गिर पड़ीं.

कोमा

कैरल के पति ने कहा,"मैंने उन्हें रुकते हुए देखा. उसके बाद मेरी बेटी के ज़ोर से चीख़ने की आवाज़ आई लेकिन मैं कैरल को नहीं देख सका. मैं भागकर बाहर आया तो देखा कि वो ज़मीन पर लेटी है और उसके शरीर का रंग बदल रहा है - बहुत भयावह तरीक़े से. मैं बहुत घबरा-सा गया था."

उसके बाद उनकी बेटी ने पड़ोसियों की मदद से उन्हें होश में लाने की कोशिश की लेकिन कोई क़ामयाबी नहीं मिली. उन्होंने बताया कि उन्हें लगा कि अस्पताल के रास्ते में उनकी मां गुज़र गई हैं.

उन्होंने कहा, "मैं गहरे सदमे में थी और उम्मीद छोड़ चुकी थी. लेकिन पराचिकित्सक लगातार धड़कन वापस लाने की कोशिश करते रहे और फिर 45 मिनट के बाद उनका दिल फिर से धड़कने लगा."

उसके बाद कोमा की हालत में कैरल को हेलिकॉप्टर में बाथ के रॉयल यूनाइटेड अस्पताल ले जाया गया और फिर गहन चिकित्सा कक्ष में भर्ती कर दिया गया.

लेकिन तीन दिन के बाद उनके मस्तिष्क में कोई ख़ास गतिविधि न होने पर डॉक्टरों ने मेडिकल सपोर्ट हटा दिया और उन्हें मरने के लिए छोड़ दिया गया.

कैरल की बेटी बताती हैं, "उसके बाद चमत्कारिक ढंग से मेरी मां ने आंखें खोल दीं और फिर डॉक्टरों को भी उम्मीद बंधी और उन्होंने उनका जीवन बचाने की दिशा में काम करना शुरू कर दिया."

'चमत्कारी बेटी'

कैरल ब्रदर्स की धड़कन रुकने के बाद उन्हें मृत मानकर लेविंगटन के चर्च में ये एलान कर दिया गया कि उनका निधन हो गया है. लेकिन फिर एक चमत्कार हुआ और अब वो स्वास्थ्य लाभ कर रही हैं.

हालांकि कैरल ब्रदर्स को कुछ भी याद नहीं कि उनके साथ क्या कुछ गुज़रा था. वो बताती हैं, "अस्पताल आने के दस दिन बाद सभी लोग यही कह रहे थे कि हमारी 'चमत्कारी बेटी' अब कैसी है? मैं ये सब सुनकर आश्चर्यचकित थी लेकिन कोई मुझे ये नहीं बता रहा था कि हुआ क्या था."

वो बताती हैं कि उनकी शादी को 46 साल हो गए हैं लेकिन इस घटना ने उन्हें उनके पति के और क़रीब ला दिया है.

कैरल ब्रदर्स भावुक होकर बताती हैं, "जब मैं अस्पताल में थी तो शादी की सालगिरह पर उन्होंने मुझे कार्ड दिया. आमतौर पर वो ये दिन भूल जाते थे लेकिन इस बार ऐसा नहीं हुआ."

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