राष्ट्रपति को 'बुढ़िया' कहने पर अर्जेंटीना में बवाल

अर्जेंटिना की राष्ट्रपति
Image caption क्रिस्टीना फेयरनानदेस डे कियर्चनर के रिश्ते उरुग्वे के राष्ट्रपति के साथ सामान्य नहीं रहे हैं

अर्जेंटीना ने आधिकारिक तौर पर उरुग्वे के राष्ट्रपति के उस बयान का विरोध किया है जिसमें माना जा रहा है कि उन्होंने अर्जेंटीना की राष्ट्रपति क्रिस्टीना फर्नाडेज़ डे कियर्चनर को ‘बुढ़िया’ कहा है.

उरुग्वे के राष्ट्रपति खोसे मुखिका यह कहते हुए सुने गए, “यह बुढ़िया तो उस भेंगे आदमी से भी बदतर है.”

उरुग्वे के एक अखबार ने अपनी वेबसाइट पर उनकी टिप्पणी वाले ऑडियो को पोस्ट किया है. ऐसा दावा किया जा रहा है कि वह अर्जेंटीना की राष्ट्रपति और उनके दिवंगत पति के लिए ऐसी टिप्पणी कर रहे थे.

क्रिस्टीना फर्नाडेज़ अपने पति के बाद राष्ट्रपति पद पर आसीन हुई हैं. उनके पति, नेस्टर कियर्चनर की आंखों में कुछ दिक्कत थी. वर्ष 2010 में दिल का दौरा पड़ने से अचानक उनकी मौत हो गई.

राष्ट्रपति मुखिका ने इन आरोपों का खंडन किया है कि वह कियर्चनर के बारे में कोई टिप्पणी कर रहे थे लेकिन वह अब तक नहीं बता सकें हैं कि वह किनके बारे में ऐसी टिप्पणी कर रहे थे.

विवाद बरकरार

शुक्रवार को एक साप्ताहिक रेडियो संबोधन में उरुग्वे के राष्ट्रपति ने अपने पहले के बयानों के लिए कोई माफी नहीं मांगी लेकिन उन्होंने दोनों देशों को एक ही मूल का बताया और कहा कि कोई भी व्यक्ति ‘हमें अलग नहीं कर सकता’ है.

उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन की शुरुआत में एक दूसरे अधिकारी के साथ अलग से बातचीत करते हुए विवादास्पद बयान दिया था.

अल ऑब्जर्वाडोर अखबार ने अपनी वेबसाइट पर यह ऑडियो पोस्ट कर यह दावा किया कि राष्ट्रपति को यह अहसास नहीं था कि माइक्रोफोन ऑन था.

अखबार ने कहा है कि इस ख़बर को कवर करने की वजह से उनकी वेबसाइट पर रिकॉर्ड स्तर पर पाठकों की तादाद उमड़ पड़ी जिसकी वजह से वेबसाइट ने भी काम करना बंद कर दिया. इस घटना की ओर सोशल मीडिया का ध्यान भी गया है.

इस आपत्तिजनक टिप्पणी का विरोध करने के लिए अर्जेंटीना के विदेश मंत्री हेक्टर टिमरमैन ने ब्यूनस आयर्स में उरुग्वे के राजदूत गिलर्मो पोमी को भी तलब किया.

उरुग्वे और अर्जेंटीना के संबंध तनावपूर्ण

विदेश मंत्रालय द्वारा जारी किए गए एक बयान में कहा गया, "ऐसी अपमानजनक टिप्पणी अस्वीकार्य है जो एक ऐसे मृत व्यक्ति पर की गई है जो खुद का बचाव नहीं कर सकते हैं. सबसे बुरी बात यह है कि यह टिप्पणी एक ऐसे शख्स ने की है जिसे नेस्टर कियर्चनर अपना दोस्त मानते थे."

संवाददाताओं का कहना है कि 77 वर्षीय गुरिल्ला नेता मुखिका ने यह राष्ट्रपति पद 2010 में संभाला था और पहले से ही उनके ताल्लुकात क्रिस्टीना और नेस्टर कियर्चनर के साथ ठीक नहीं है.

पिछले कुछ समय से उरुग्वे और अर्जेंटीना के संबंध तनावपूर्ण रहे हैं क्योंकि उरुग्वे का आरोप है कि अर्जेंटीना संरक्षणवादी उपायों को लागू करने की कोशिश कर रहा है.

वर्ष 2003 से 2007 तक नेस्टर कियर्चनर अर्जेंटीना के राष्ट्रपति थे. उनकी पत्नी क्रिस्टीना ने उनकी जगह ली और वह 2011 में दोबारा चुनाव जीतकर आईं.

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