ओबामा को भेजा ज़हर लगा लिफ़ाफा, एक गिरफ़्तार

बराक ओबामा
Image caption बराक ओबामा से पहले एक सिनेटर को भी ऐसी ही चिट्ठी भेजी गई थी.

अमरीकी अधिकारियों का कहना है कि राष्ट्रपति बराक ओबामा और एक अमरीकी सासंद को जहर बुझी चिट्ठियां भेजने के मामले में एक संदिग्ध को गिरफ़्तार किया गया है.

न्याय विभाग के अधिकारियों ने बुधवार को बताया,''आज शाम क़रीब सवा पांच बजे, एफ़बीआई के विशेष एजेंटों ने पॉल केविन कुर्टिस को गिरफ़्तार किया, माना जा रहा है कि इसी व्यक्ति ने अमरीकी डाक विभाग के जरिए उन तीन चिट्ठियों को भेजा था.'' कुर्टिस को मिसिसिपी स्थित उनके घर से गिरफ़्तार किया गया.

इसके पहले संघीय जांच एजेंसी (एफ़बीआई) ने कहा था कि सीक्रेट सर्विस को राष्ट्रपति बराक ओबामा के नाम भेजा गया एक ऐसा पत्र मिला है जिसमें संदिग्ध दानेदार पदार्थ है.

कुछ रिपोर्टों के मुताबिक़ शुरुआती परीक्षणों में इस पदार्थ के बेहद घातक ज़हर राइसिन होने की पुष्टि हुई है.

व्हाइट हाउस के प्रवक्ता जे कार्नी का कहना है कि इस पत्र के सिलसिले में अभी और परीक्षण हो रहे हैं.

अधिकारियों का कहना है कि ये पत्र मंगलवार को व्हाइट हाउस के बाहर बने एक कार्यालय में मिला.

इससे पहले अमरीकी सांसद रोजर विकर के नाम भेजा गया इसी तरह का पत्र पकड़ा जा चुका है. वॉशिंगटन में प्राप्त इस पत्र में राइसिन होने की पुष्टि हुई.

'राइसिन' को अरंडी के बीजों से निकाला जाता है. यह सायनाइड से हज़ार गुना अधिक ज़हरीला होता है.

चिट्ठियों की पड़ताल

अमरीकी सीनेट में बहुमत दल के नेता हैरी रीड ने कहा है कि सीनेट के नेता को भेजे गए एक पत्र में जृ़हरीला पदार्थ ‘राइसिन’ पाया गया है. जांच में भी इसकी पुष्टि हुई है

सूंघने, चखने या इसकी सूई लगाने पर यह ख़तरनाक़ साबित हो सकता है. इसके बाद भी इसके प्रभाव से बचा जा सकता है.

रीड ने कहा कि यह ज़हरीली चिट्ठी मिसीसिपी से रिपब्लिकन सीनेटर रोजर विकर को भेजी गई थी.

अमरीकी मीडिया में आई खबरों में कहा गया है कि यह चिट्ठी राजधानी वॉशिंगटन डीसी के एक डाकघर में पकड़ में आई.

इसकी पुष्टि करते हुए विकर ने मंगलवार को कहा कि इस मामले की पुलिस और संघीय जांच एजेंसी (एफ़बीआई) जांच कर रही है.

उन्होंने कहा,''क़ानून को लागू करने वाले उन अधिकारियों को धन्यवाद देता हूं जो कैपिटल कांप्लेक्स में काम करने वालो को सुरक्षित रखने के लिए कठोर परिश्रम करते हैं.''

वॉशिंगटन स्थित बीबीसी संवाददाता जेन लिटिल का कहना है कि बॉस्टन में सोमवार को धमाकों के बाद वॉशिंगटन में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. लेकिन इन दोनों घटनाओं में संबंध होने के संकेत नहीं हैं.

किसने भेजी चिट्ठी?

अभी इस बात का भी पता नहीं चल पाया है कि सांसद को यह चिट्ठी क्यों भेजी गई.

Image caption बोस्टन में धमाकों के बाद सुरक्षा को अमरीका में खासी चौकसी बरती जा रही है

सीनेट के मुख्य सुरक्षा अधिकारी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, ''लिफ़ाफे को बाहर से देखने पर कुछ भी संदिग्ध नहीं लग रहा है. यह चिट्ठी टिनेसी राज्य के मेमफिस से भेजी गई थी.''

साल 2001 में कैपिटल हिल को भेजी गई चिट्ठी में एंथ्रेक्स का बैक्टिरिया पाए जाने के बाद कांग्रेस के सदस्यों को भेजी जाने वाली चिट्ठियों की जांच-पड़ताल की जाती है.

साल 2004 में सीनेट के नेता के दफ्तर को भेजी गई चिट्ठी में राइसिन पाए जाने के बाद सीनेट दफ़्तर की तीन इमारतों को बंद कर दिया गया था.

बुल्गारिया के विपक्षी नेता जॉर्जी मार्कोव की सितंबर 1978 में हुई हत्या में राइसिन का उपयोग किया गया था.

जब वे लंदन के वाटरलू ब्रिज के पास एक बस स्टॉप पर इंतजार कर रहे थे तो एक अनजान व्यक्ति ने उनके पैर में छाते के जरिए सुई चुभो दी थी. इस वजह से उनकी तीन दिन बाद अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई थी.

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