मिस्रः लोकतंत्र से तख्तापलट तक

  • 4 जुलाई 2013

मिस्र में सेना ने संविधान को निलंबित करके राष्ट्रपति मोहम्मद मुर्सी को पद से हटा दिया. मुर्सी को नज़रबंद रखा गया है और देश को मुख्य न्यायाधीश को अंतरिम राष्ट्रपति बनाया गया है. आइए जानते हैं मिस्र में कैसे बदला घटनाक्रम..

मिस्र में मुर्सी के ख़िलाफ व्यापक प्रदर्शन

मुर्सी के ख़िलाफ़ पिछले साल भी व्यापक प्रदर्शन हुए थे. प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि वो देश पर इस्लामी एजेंडा थोप रहे हैं.

मिस्र:मुर्सी ने हासिल की असीमित शक्तियां

22 नवंबर 2012 में मुर्सी ने एक विवादास्पद आदेश पारित कर व्यापक अधिकार हासिल कर लिए. हालांकि व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बाद उन्होंने इनमें से अधिकांश अधिकार छोड़ दिए.

मिस्र: मुस्लिम ब्रदरहुड के मोहम्मद मुर्सी की जीत

जून 2012 में मोहम्मद मुर्सी देश के पहले चुने हुए राष्ट्रपति बने. लेकिन उनका कार्यकाल में देश राजनीतिक अस्थिरता रही और अर्थव्यवस्था भी डांवाडोल रही.

मिस्र में सरकार विरोधी प्रदर्शन

साल 2011 की शुरुआत में दो सप्ताह तक हुए व्यापक प्रदर्शनों और हिंसक झड़पों के बाद तत्कालीन राष्ट्रपति होस्नी मुबारक़ ने 11 फ़रवरी को इस्तीफ़ा दे दिया था.

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