ईसाई ईश्वर को कह सकते हैं अल्लाह: मलेशियाई पीएम

अल्लाह शब्द पर विवाद
Image caption मलेशिया में अल्लाह शब्द को लेकर काफी समय से विवाद हो रहा है

मलेशिया के प्रधानमंत्री नजीब रज़ाक ने कहा है कि हाल ही में एक अदालत के प्रतिबंध के बावजूद देश के पूर्वी राज्यों सबाह और सारावाक में ईसाई ईश्वर के लिए अल्लाह शब्द का इस्तेमाल कर सकते हैं.

ये पहला मौका है जब नजीब में पिछले हफ़्ते आए अदालत के फ़ैसले पर कोई टिप्पणी की है. इस फ़ैसले के अनुसार सिर्फ़ मुसलमान ही अल्लाह शब्द का इस्तेमाल कर सकते हैं.

ईसाइयों ने इस फैसले का विरोध किया और कहा कि इससे उनके अधिकारों का हनन हुआ है.

मलेशियाई प्रधानमंत्री ने कहा कि 'कैथोलिक हेराल्ड' अखबार को अल्लाह शब्द प्रकाशित करने से रोका गया है लेकिन इस शब्द का इस्तेमाल बाइबिल में हो सकता है.

क्या है विवाद

ये विवाद 2009 में तब शुरू हुआ था जब सरकार ने 'कैथोलिक हेराल्ड' नाम के एक अख़बार को अल्लाह शब्द का इस्तेमाल न करने को कहा था. मामला अदालत पहुंचा और फ़ैसला इस अखबार के पक्ष में फैसला सुनाया था. लेकिन पिछले हफ़्ते एक अदालत ने निचली अदालत इस फैसले को पलट दिया.

मुख्य न्यायाधीश मोहम्मद अपांदी अली ने कहा, ''अल्लाह शब्द का इस्तेमाल ईसाइयत का अभिन्न अंग नहीं है. इस शब्द के इस्तेमाल से समुदाय में भ्रम फैलेगा.''

लेकिन कैथोलिक हेराल्ड के संपादक रेवरेंड लॉरेंस एंड्र्यू ने इस फैसले पर हताशा जताई और इसके खिलाफ अपील करने की बात कही.

वहीं कुछ मुस्लिम संगठनों का कहना है कि ईसाई अल्लाह शब्द का इस्तेमाल कर लोगों के धर्म परिवर्तन को बढ़ावा दे सकते हैं.

लेकिन ईसाइयों का तर्क है कि वो इस शब्द का इस्तेमाल मलय भाषा में दशकों से कर रहे हैं और वो बाइबिल और अन्य पत्र-पत्रिकाओं में अरबी शब्द अल्लाह का इस्तेमाल करते रहे हैं. उनके अनुसार मध्य पूर्व में भी ऐसा ही होता है.

मलेशिया में कुछ लोगों का मानना है कि सत्ताधारी मलय-मुस्लिम पार्टी इस मामले का इस्तेमाल मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ मज़बूत करने में कर रही है.

मलेशिया की जनसंख्या का दो तिहाई मुसलमान हैं लेकिन वहां हिंदू और ईसाई भी अच्छी ख़ासी तादाद में हैं.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)

संबंधित समाचार