दुनिया भर के बाज़ार में भारी गिरावट

  • 25 जनवरी 2014
डाउ जोन्स (फ़ाइल फ़ोटो)
बाज़ार में गिरावट, फ़िलहाल भारत पर कोई ख़ास असर नहीं.

शुक्रवार को दुनिया भर के शेयर बाज़ारों में भारी गिरावट देखी गई. इसका कारण ये था कि इस तरह की ख़बर फैल गई कि विकासशील देशों की अर्थव्यवस्था मंदी की शिकार हो रही है. इसके कारण ख़रीदारों में घबराहट होने लगी और लोगों ने अपने शेयर बेचने शुरू कर दिए.

न्यूयॉर्क स्थित डाउ जोन्स में 318.24 अंकों की गिरावट देखी गई जबकि नैसडैक में भी दो फ़ीसदी की गिरावट दर्ज की गई.

एस एंड पी में भी दो फ़ीसदी की गिरावट देखी गई.

गुरूवार को अर्जेंटीना ने अपनी मुद्रा पेसो की गिरती क़ीमत को सुधारने की किसी भी कोशिश को त्याग दिया जिसके कारण अमरीकी डॉलर की तुलना में पेसो की क़ीमत में 11 फ़ीसदी की कमी देखी गई.

दूसरे कई विकासशील बाज़ारों में भी गिरावट दर्ज की गई जिसका असर शुक्रवार को यूरोपीय देशों में भी देखा गया.

निवेशकों में घबराहट का एक कारण ये भी था कि गुरूवार को चीन में एक सर्वे जारी किया गया जिसके तहत ये बताया गया कि इस महीने चीन के विनिर्माण क्षेत्र में गिरावट आई है.

इस सप्ताह के शुरू में कई कंपनियों के निराशाजनक नतीजे के कारण भी निवेशकों में भारी असंतोष देखा गया.

जूलाई 2012 के बाद से एस एंड पी के लिए ये सबसे ख़राब सप्ताह था और डाउ जोन्स के लिए भी 2012 के मध्य से ये सबसे ख़राब सप्ताह था.

जेपी मॉर्गन फ़न्ड्स में कार्यरत वैश्विक बाज़ार के रणनीतिकार अनस्तेसिया अमोरोसो का कहना है कि पिछले सप्ताह की ख़बरें ''विकासशील देशों में विकास की आशाओं को कमज़ोर औऱ संवेदनशील बना रहीं थीं.''

कहीं उछाल भी

लेकिन माइक्रोसॉफ़्ट के शेयरों ने बाज़ार के इस रुख़ को नकारते दिया और इसकी क़ीमत में दो फ़ीसदी का उछाल देखा गया.

गुरूवार को माइक्रोसॉफ़्ट के नतीजे आशा से कहीं ज़्यादा बेहतर आए थे.

प्रॉक्टर एंड गैंबल(पी एंड जी) के ताज़ा नतीजों के बाद उसके शेयरों में 1.2 फ़ीसदी का उछाल देखा गया. मौजूदा वित्तीय साल के दूसरी तिमाही में पी एंड जी ने 3.4 अरब डॉलर का मुनाफ़ा दर्ज किया जो कि पिछले साल की तुलना में कम थे लेकिन पूरे साल के हिसाब से देखा जाए तो पी एंड जी के मुनाफ़े उम्मीद के मुताबिक़ होंगे.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

संबंधित समाचार