इस शहर में आबादी से ज़्यादा साइकिलें हैं

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कोपनहेगन को दुनिया में साइकिल चलाने वालों की जन्नत कहा जाता है लेकिन इसको लेकर एक मुश्किल भी पेश आ रही है.

कभी-कभी तो यहां हालात बेकाबू होने लगते हैं. जब इस साल कोपनहेगन में साइकिल चलाने वालों के लिए अलग से दो लेन का रास्ता बनाया गया तो इसका स्वागत किया गया था.

शहर के 50 फीसदी से ज्यादा लोग यहां साइकिल का इस्तेमाल करते हैं. हाल ही में एक सर्वे में ये कहा गया कि 41 फीसदी ऐसे भी लोग हैं जो शहर से बाहर साइकिल से ही अपनी मंजिल तक जाते हैं.

यह एक तथ्य है कि कोपनहेगन में आबादी से ज्यादा साइकिलों की संख्या है.

साइकिलों का अंबार

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यहां जितनी कारें हैं, उससे पांच गुना साइकिलें हैं और इतना ही नहीं, 60 हज़ार की आबादी वाले इस शहर में 400 किलोमीटर की सड़क खास तौर पर साइकिल चलाने वालों के लिए रखी गई है.

यकीनन इसके कई फायदे होंगे. शहर की हवा साफ होगी और लोग भी चुस्त-दुरुस्त होंगे लेकिन गहराई से सोचें तो ये सवाल उठेगा कि उन साइकिलों का क्या होता होगा जब साइकिल सवार इसका इस्तेमाल करना बंद कर देते होंगे.

साइकिल पार्किंग इस शहर में एक बड़ी चुनौती है. साइकिलों के अंबार को देखकर ऐसा लगता है मानो कानून से भाग रहे किसी आदमी ने फेंक दिया हो.

बढ़ती आबादी

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फुटपाथ पर खड़ी कर दी गई साइकिलें यहां अक्सर देखी जा सकती हैं. इससे पैदल चलने वाले लोगों को मुश्किल पेश आती है और दुकानों और रेस्तरांओं में जाने का रास्ता तक बाधित हो जाता है.

साइकिल इस्तेमाल न करने वाले लोगों के लिए यह लगातार परेशानी का सबब बना हुआ है.

30 साल के नील्स जार्लर साइकिल इस्तेमाल न करने वाले लोगों में से हैं. सप्ताहांत के मौके पर वे अक्सर अपने फ़्लैट पैदल ही जाते हैं.

वे कहते हैं, "इस पर वाकई गुस्सा आता है. मुझे लगता है कि कोपनहेगन में हमेशा से ये चलन रहा है कि साइकिल चलाने वाले लोग जहां मर्जी करे वहां साइकिल खड़ी कर देते हैं. लेकिन बढ़ती आबादी के कारण अब ये आदत मुसीबत बन गई है."

पार्किंग सुविधाएं

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नील्स का कहना है, "शहर की योजना बनाने वाले लोगों ने ठीक से साइकिल पार्किंग के बारे में सोचा ही नहीं."

हालांकि कोपनहेगन में साइकिल चोरी का भी खतरा है. यहां पिछले साल 18 हज़ार साइकिलें चोरी हो गई थीं. लेकिन इसके बावजूद साइकिल मालिक शायद ही कभी अपनी साइकिलें जंजीर से बांधते हैं. वे बस एक साइकिल से लगाकर दूसरी साइकिल खड़ी कर देते हैं.

कोपनहेगन के सेंट्रल ट्रेन स्टेशन के बाहर का नजारा कई लोगों को परेशान करता है. सप्ताहांत की छुट्टी मनाने के लिए जाने वाले लोग अपनी साइकिल स्टेशन के बाहर खड़ी कर जाते हैं और यह दूसरे साइकिल सवारों की परेशानी का सबब बन जाता है.

कर्स्टन होएहोल्ट कहते हैं, "यहां जगह नहीं है और ये मुश्किल केवल यहीं नहीं है बल्कि पूरे शहर में है. हमे बेहतर पार्किंग सुविधाओं की जरूरत है."

नए विचार

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Image caption यूं तो साइकिल इकोफ्रेंडली सवारी कही जाती है पर किसी ने सोचा न था कि इसकी पार्किंग की समस्या भी आ सकती है.

इस दिक्कत का दूसरा पहलू पार्क की गई साइकिलों में अपनी साइकिल खोजना है. जब तक कि ये आपको पक्के तौर पर याद न हो कि आपने अपनी साइकिल कहां खड़ी की थी.

कोपनहेगन की एक और परेशानी ये भी है कि इस शहर में हर साल 12 हज़ार लोग बाहर से रहने के लिए आ रहे हैं लेकिन पिछले आठ सालों में केवल सात हज़ार नई साइकिलों को खड़ी करने की जगह बनाई गई है.

कोपनहेगन सिटी काउंसिल के एंड्रियाज़ रोएहल कहते हैं कि हम नए विचारों को अपनाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं.

एक योजना ये भी है कि आवासीय इलाकों में कार पार्क करने की जगह को साइकिलों को दिए जाने पर विचार किया जा रहा है.

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