उबर रेपः अमरीकी अदालत में मुकदमा

उबर टैक्सी ड्राइवर इमेज कॉपीरइट AFP

दिल्ली में उबर टैक्सी में कथित रेप की शिकार महिला ने गुरुवार को कंपनी के खिलाफ अमरीकी अदालत में मुकदमा दायर किया है.

महिला ने कंपनी पर अभियुक्त की आपराधिक पृष्ठभूमि का पता लगाने में नाकाम रहने का आरोप भी लगाया है और कंपनी से हर्जाने की मांग की है.

उबर ने बयान जारी कर कहा है कि वो अभियुक्त को सज़ा दिलाने के लिए अधिकारियों का पूरा सहयोग कर रहे हैं.

समाचार एजेंसी एपी के मुताबिक उबर के ख़िलाफ़ पीड़िता की वकील ने सैन फ्रांसिस्को की अदालत में मुकदमा दायर किया है. क्योंकि उबर का ऑफिस सैन फ्रांसिस्को में है.

पिछले महीने दिल्ली में उबर टैक्सी में हुए कथित बलात्कार की घटना के बाद पूरे भारत में व्यापक स्तर पर विरोध भड़क उठे थे.

स्थायी पाबंदी की मांग

इमेज कॉपीरइट Getty

उबर रेप मामले में यौन हिंसा के खिलाफ विरोध करते हुए भारत में टैक्सी सेवा देने वाली उबर कंपनी पर स्थायी तौर पर पाबंदी लगाने की भी मांग की गई. लेकिन उबर ने पिछले दिनों रेडियो टैक्सी लाइसेंस के लिए आवेदन कर के टैक्सी सेवा फिर से शुरु कर ली है.

पीड़िता ने याचिका में उबर पर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह अपने यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पूरी तरह नाकाम रही है.

अभियुक्त टैक्सी ड्राइवर 25 वर्षीय शिव कुमार यादव को गिरफ्तार किया जा चुका है और उस पर बलात्कार का मुकदमा चल रहा है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)