ईरान परमाणु समझौता: 5 बड़ी बातें

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Image caption समझौते के बाद ईरानी राष्ट्रपति ने कहा, एक नए अध्याय की शुरुआत हुई है

लंबी वार्ताओं के बाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम को सीमित करने वाले बहुप्रतीक्षित समझौते का मंगलवार को विएना में एलान हुआ.

इस समझौते के तहत ईरान को अपने उच्च संवर्धित यूरेनियम भंडार का 98 प्रतिशत हिस्सा नष्ट करना होगा और उसे अपने मौजूदा परमाणु सेंट्रीफ्यूज में से दो तिहाई को भी हटाना होगा.

इसके अलावा संयुक्त राष्ट्र के निरीक्षक ईरान के सैन्य प्रतिष्ठानों की निगरानी कर सकेंगे, हालांकि ईरान इन प्रतिष्ठानों तक पहुंच के आग्रह को चुनौती दे सकता है.

ईरान पर हथियार खरीदने के लिए लगाया गया प्रतिबंध पांच वर्षों के लिए जारी रहेगा जबकि मिसाइल प्रतिबंध आठ साल तक बने रहेंगे.

इसके बदले ईरान को तेल और गैस के कारोबार, वित्तीय लेन देन, उड्डयन और जहाज़रानी के क्षेत्रों में लागू प्रतिबंधों में ढील दी जाएगी.

ईरान की अरबों डॉलर की सील संपत्ति को जारी किया जा सकेगा.

ईरान के परमाणु कार्यक्रम को सीमित करने वाले समझौते का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वागत हो रहा है. लेकिन इसराइल ने इसे ऐतिहासिक गलती बताते हुए इसकी आलोचना की है.

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