मंदिरों और मठों की भूमि

मंदिरों और मठों की भूमि सिरपुर

  • भारत के छत्तीसगढ़ राज्य के सिरपुर गांव में मंदिरों और मठों का एक अभूतपूर्व परिसर है. प्रशासन चाहता है कि इसे यूनेस्को की विश्व धरोहर का दर्जा मिले. (आलेख और तस्वीरें: गीता पांडे)
  • महानदी के तट पर बसा सिरपुर गांव छठी शताब्दी से लेकर दसवीं शताब्दी तक बौद्ध धर्म का एक प्रमुख केंद्र रहा.
  • पुरातत्ववेत्ताओं का कहना है कि 12 वीं शताब्दी में आए भूकंप से सिरपुर मिट्टी में दब गया था. सातवीं शताब्दी का यह सुरंग लीला मंदिर वर्ष 2006-07 के बीच हुई खुदाई में मिला
  • भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के एके शर्मा के निरीक्षण में हो रही इस खुदाई में मंदिरों के अलावा बहुत सी प्राचीन कलाकृतियां, सिक्के, चूड़ियां आदि मिले हैं
  • अधिकारियों का कहना है कि चीनी यात्री हुएन त्सांग ने 639 में सिरपुर की यात्रा की थी और उसके यात्रा वृत्तांत के अनुसार हज़ारों लोग यहां बौद्ध धर्म का अध्ययन करने आया करते थे
  • छठी शताब्दी के तीवर देव विहार की खुदाई 2003 में हुई. हज़ारों पर्यटक सिरपुर के मंदिर देखने आते हैं और सबसे अधिक आकर्षण का केंद्र रहता है यह दम्पति
  • सिरपुर का सबसे भव्य और अच्छी हालत में मिला ये मंदिर सातवीं शताब्दी का है. लक्ष्मणा मंदिर के नाम से जाना जाने वाला यह मंदिर भगवान विष्णु को समर्पित है
  • हर वर्ष जुलाई और अगस्त के महीनों में हज़ारों तीर्थयात्री भगवान शिव की उपासना करने गंडेश्वरनाथ मंदिर आते हैं जिनमें लखनलाल निषाद भी हैं
  • भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण की खुदाई और जीर्णोद्धार कार्यक्रम से सिरपुर में रोज़गार बढ़ा है. अब युवाओं को काम की तलाश में दूर दराज़ के शहरों में नहीं जाना पड़ता

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.