पूर्वोत्तर भारत के लोगों का पलायन

 शुक्रवार, 17 अगस्त, 2012 को 14:21 IST तक के समाचार

पूर्वोत्तर के लोगों का पलायन

  • कर्नाटक की राजधानी बंगलौर में रहने वाले पूर्वोत्तर राज्यों के लोग हमले की आशंका की वजह से पलायन कर रहे हैं.
  • अधिकारियों का कहना है कि पूर्वोत्तर के लोगों को भारत के किसी भी हिस्से में कोई खतरा नहीं है. उन्होंने इस पलायन के लिए अफवाहों को जिम्मेदार बताया है.
  • हमले की अफवाहों को असम में पिछले महीने हुए दंगों से जोड़कर भी देखा जा रहा है जहां स्थानीय बोडो आदिवासियों और मुसलमानों के बीच लड़ाई की वजह से तीन लाख से ज्यादा लोग पलायन कर गए हैं.
  • हमले की अफवाहें एसएमएस और सोशल मीडिया के जरिए फैलीं. पूर्वोत्तर के लोगों को धमकाने की कुछ ही खबरें आई हैं.
  • बंगलौर में पूर्वोत्तर राज्यों के लगभग ढ़ाई लाख लोग काम करते हैं. ज्यादातर लोग छात्र हैं. ये सिक्योरिटी गार्ड्स और अन्य क्षेत्रों में काम करते हैं. बंगलौर को भारत की सिलीकॉन वैली कहा जाता है.
  • बंगलौर के रेलवे स्टेशन पर गुरुवार को लगातार दूसरे दिन भी पूर्वोत्तर के लोगों की भीड़ रही. गुरुवार को लगभग 3000 लोग पूर्वोत्तर की ओर जाने वाली ट्रेनों में सवार हुए. बुधवार को करीब 4000 लोग इन ट्रेनों से रवाना हुए थे.
  • पूर्वोत्तर राज्यों के लोग बेहतर शिक्षा और रोज़गार की तलाश में दिल्ली, मुंबई और बंगलौर जैसे का रुख करते हैं.
  • स्थानीय लोग पूर्वोत्तर के लोगों से कह रहे हैं कि वे शहर छोड़कर नहीं भागें.

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