प्लेबैक आपके उपकरण पर नहीं हो पा रहा

स्वर्ण सिंहः स्वतंत्रता विधेयक सिखों के खिलाफ है

15 अगस्त 1947 को भारत की आज़ादी से पहले क्या हो रहा था? बीबीसी हिंदी के लिए 1997 में मधुकर उपाध्याय ने 'पचास दिन पहले, पचास साल बाद' नाम से रिपोर्टें बनाई थीं जिसमें सिलसिलेवार ढंग से आज़ादी के पहले की घटनाओं का ज़िक्र था.

इस सीरीज में जानिए छह जुलाई 1947 की घटनाओं के बारे मे.

इस बात के लिए सिलहट में मतदान हो रहे थे कि सिलहट असम में रहे या पूर्वी पाकिस्तान में. ख़ान अब्दुल गफ्फार ख़ान के् सहयोगी लाल कुर्ती ने पठानिस्तान दिवस मनाने का आह्वान. लंदन में भोपाल रियासत के प्रतिनिधि जफरउल्लाह ख़ान ने कहा कि 15 अगस्त के बाद सभी रियासतें स्वतंत्र होंगी क्योंकि संसद का उनपर कोई अधिकार नहीं है. स्वतंत्रता विधेयक के सिख विरोधी होने का सवाल उठने लगा.