ईरान: बन सकता है नया इतिहास

अहमदीनेजाद
Image caption दोनों महिला नेता कट्टरपंथी समझी जाती हैं.

ईरान के राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद ने अपने नए मंत्रिमंडल में दो महिलाओं को शामिल करने का प्रस्ताव रखा है.

इस्लामी गणतंत्र ईरान के संसदीय इतिहास में मंत्री बनने वाली ये पहली महिलाएं होंगी, हालांकि महिला उपराष्ट्रपति ईरान में पहले भी रह चुकी हैं. अहमदीनेजाद का ये भी कहना है कि वे आगे भी अपने मंत्रिमंडल में और महिलाओं को शामिल करेंगे.

माना जा रहा है कि महमूद अहमदीनेजाद ने ये क़दम विपक्षी ख़ेमे में प्रचारित महिलाओं की छवि के मुकाबले में उठाया है, लेकिन अंतर इतना है कि मंत्रिपद के लिए प्रस्तावित जिन दोनों महिलाओं के नाम दिए गए हैं, वे कट्टरपंथी विचारधारा की हैं.

कल्याण मामलों के मंत्रालय के लिए प्रस्तावित पहला नाम है फातिमा अजोर्लो का, जिन्होंने महिलाओं की पोशाक संबंधी कड़ी आचारसंहिता लागू करवाई, और विश्वविद्यालयों में महिलाओं के लिए कोटा सुनिश्चित करवाया.

मंत्रीपद की दूसरी प्रत्याशी मर्ज़ीह वहीद दस्तज़ेर्दी को स्वास्थ्य मंत्रालय दिए जाने का प्रस्ताव है.

वे पूर्व में स्वास्थ्य के ही क्षेत्र में एक ऐसे सुधार की बात उठा चुकी हैं, जिसके दौरान महिलाओं का इलाज महिला डॉक्टरों से और पुरुषों का इलाज पुरुष डॉक्टरों से ही करवाने की बात रखी गई थी, हालांकि उनके इस सुझाव को ग़ैर व्यावहारिक मानकर नामंज़ूर कर दिया गया था.

राष्ट्रपति अहमदीनेजाद को आने वाले दिनों में अपना नया मंत्रिमंडल नियुक्त करना है, लेकिन उसे ईरानी संसद से समर्थन दिलवाना, उनके लिए कड़ी चुनौती साबित हो सकती है.

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